Strait of Hormuz में ADNOC के जहाज पर मिसाइल हमला, कंपनी ने दी जानकारी- कोई घायल नहीं

हॉर्मुज जलडमरूमध्य यानी Strait of Hormuz में शनिवार 8 अगस्त 2026 की तड़के एक बड़ी घटना सामने आई, जहां ADNOC यानी अबू धाबी नेशनल ऑयल कंपनी के एक जहाज को मिसाइल से निशाना बनाया गया। हालांकि, कंपनी ने आधिकारिक तौर पर स्पष्ट किया है कि इस हमले में किसी भी कर्मचारी को चोट नहीं आई है और स्थिति अब पूरी तरह से नियंत्रण में है। ADNOC ने आम जनता और अपने कर्मचारियों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और जानकारी के लिए केवल आधिकारिक सूत्रों पर ही भरोसा रखें।
हालिया हमलों का सिलसिला और सुरक्षा चुनौतियां
यह पहला मौका नहीं है जब किसी ADNOC के जहाज को निशाना बनाया गया है। संघर्ष शुरू होने के बाद से यह 15वीं बार है जब कंपनी के किसी जहाज पर मिसाइल या ड्रोन से हमला हुआ है। केवल इस हफ्ते की बात करें तो 3 बार इस तरह की घटनाएं दर्ज की गई हैं। अब तक के सभी हमलों में कुल मिलाकर 1 कर्मचारी की मौत हुई है और 20 लोग घायल हुए हैं। कंपनी का कहना है कि वे इस मुश्किल दौर में भी अपने ग्राहकों की जरूरतों को पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध हैं और अपने कर्मचारियों व संपत्तियों की सुरक्षा के लिए हर संभव कदम उठा रहे हैं।
समुद्री सुरक्षा और बिगड़ते हालात
इसी दिन Strait of Hormuz के दक्षिणी हिस्से में एक अलग तेल टैंकर में आग लगने की घटना भी हुई। सुरक्षा को देखते हुए ADNOC का आपातकालीन रिस्पॉन्स और ऑयल स्पिल कंटेनमेंट जहाज ADNOC SR01 तुरंत घटनास्थल पर भेजा गया। वहां से चालक दल के सदस्यों को सुरक्षित बाहर निकाला गया और जहाज वापस UAE लौट आया। वर्तमान में हॉर्मुज की स्थिति काफी तनावपूर्ण है, क्योंकि 17 जून को हुआ मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग टूट गया है और अमेरिका द्वारा दोबारा नाकाबंदी लागू कर दी गई है।
क्षेत्र में बढ़ते तनाव का सीधा असर व्यापार पर भी पड़ रहा है। अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग से होने वाला कमर्शियल शिपिंग का काम काफी कम हो गया है और यह पिछले कई हफ्तों के निचले स्तर पर पहुंच गया है। दोहा में चल रही कूटनीतिक बातचीत भी अभी किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी है। इंटरनेशनल मैरीटाइम ऑर्गेनाइजेशन (IMO) ने सभी कमर्शियल ऑपरेटर्स को सलाह दी है कि सुरक्षा चिंताओं के कारण इस इलाके में जाने से बचें। इस क्षेत्र में अमेरिकी नौसेना और सेंट्रल कमांड द्वारा लगातार निगरानी और स्थानीय दबाव बढ़ाया जा रहा है ताकि हालात को काबू में रखा जा सके।