Dubai Chamber ने उज्बेकिस्तान बिजनेस काउंसिल का किया गठन, व्यापार और निवेश को मिलेगा बढ़ावा.

दुबई चैंबर ऑफ कॉमर्स ने 26 अगस्त 2026 को आधिकारिक तौर पर उज्बेकिस्तान बिजनेस काउंसिल की शुरुआत की है। इस नई पहल का मुख्य उद्देश्य दुबई और उज्बेकिस्तान के कारोबारी समुदायों के बीच आपसी सहयोग को मजबूत करना है। इसके साथ ही दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश के दायरे को बढ़ाना तथा विभिन्न क्षेत्रों में नए अवसरों की पहचान करना भी इसका अहम हिस्सा है।
व्यापार और निवेश को मिलेगा नया मुकाम
दुबई चैंबर के मुख्यालय में हुई पहली बैठक के दौरान दोनों पक्षों के प्रतिनिधियों ने आपसी निवेश को आगे बढ़ाने और व्यापारिक संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा की। इस बैठक का मुख्य एजेंडा उज्बेक और दुबई की कंपनियों के बीच आपसी संबंधों को और ज्यादा मजबूत करना था। इसके अलावा डेटा और अनुभव के आदान-प्रदान के साथ-साथ भविष्य के द्विपक्षीय व्यापार कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार करने पर भी सहमति बनी।
दुबई चैंबर्स में बिजनेस एडवोकेट की उपाध्यक्ष महा अल गर्गावी ने बताया कि यह काउंसिल व्यापार और निवेश साझेदारियों को बढ़ावा देने के लिए एक महत्वपूर्ण मंच के रूप में काम करेगी। इससे दोनों बाजारों के बीच आर्थिक विकास और लंबे समय तक चलने वाला सहयोग सुनिश्चित होगा। वहीं उज्बेकिस्तान बिजनेस काउंसिल के चेयरमैन और अक्सम ग्रुप के संस्थापक व सीईओ उलुगबेखों मक्सुमोव ने इसे एक बड़ा मील का पत्थर बताया। उन्होंने कहा कि यह उद्यमियों और निवेशकों को आपस में जुड़ने और यूएई तथा उज्बेकिस्तान के बीच अपने कामकाज को विस्तार देने का बेहतरीन अवसर प्रदान करता है।
तेजी से बढ़ रहा है व्यापारिक दायरा
यह पहल उज्बेकिस्तान के निवेशकों के लिए दुबई को एक प्रमुख कमर्शियल हब के रूप में और अधिक मजबूत करती है। साल 2025 में दोनों देशों के बीच गैर-तेल व्यापार का कुल आंकड़ा 10.3 अरब दिरहम तक पहुंच गया था। इसके अलावा साल 2025 के अंत तक दुबई चैंबर ऑफ कॉमर्स में रजिस्टर्ड सक्रिय उज्बेक कंपनियों की संख्या बढ़कर 826 हो गई, जो सालाना आधार पर 21.3 प्रतिशत की बढ़त को दिखाता है। इतना ही नहीं, चैंबर ने साल 2026 की पहली छमाही के दौरान 75 नए उज्बेक सदस्यों को भी शामिल किया है।
दुबई चैंबर ऑफ कॉमर्स के तहत काम करने वाली बिजनेस काउंसिलें दुनिया भर के अलग-अलग निवेशक समुदायों का प्रतिनिधित्व करती हैं। ये काउंसिलें चैंबर के साथ मिलकर काम करती हैं ताकि अमीरात में कारोबार कर रही कंपनियों के लिए द्विपक्षीय व्यापार और सीमा पार आर्थिक साझेदारियों को आसान बनाया जा सके।