Dubai में साझा आवास के लिए नया कानून लागू, 26 अगस्त से होगी सख्ती, अब ऐसा करने पर लगेगा भारी जुर्माना।

दुबई में रहने वाले प्रवासियों और किराए पर कमरा लेकर रहने वाले लोगों के लिए एक बहुत बड़ी खबर सामने आई है। दुबई सरकार ने साझा आवास यानी शेयर्ड हाउसिंग को लेकर एक नया और सख्त कानून जारी कर दिया है जो 26 अगस्त 2026 से पूरे शहर में लागू हो जाएगा। इस नए कानून को शेख मोहम्मद बिन राशिद अल मक्तूम द्वारा जारी किया गया है जिसका मुख्य मकसद लोगों की भीड़भाड़ को कम करना और सुरक्षा मानकों को बेहतर बनाना है। इस नए नियम के आने से अब बिना अनुमति के किराए पर कमरा देने या लेने का काम पूरी तरह बंद हो जाएगा।
नया कानून और परमिट का नियम
इस नए कानून के तहत प्रॉपर्टी के मालिकों को दुबई नगरपालिका से आधिकारिक परमिट लेना जरूरी होगा। अगर कोई बिना परमिट के अपने घर में साझा आवास चलाता है तो उसे गैरकानूनी माना जाएगा। इसके अलावा किराए पर रहने वाले लोग अपनी जगह को आगे किसी और को किराए पर यानी सबलेट नहीं कर सकते हैं। केवल मकान मालिक या अधिकृत संस्थान ही कानूनी तौर पर साझा आवास किराए पर दे सकेंगे। सभी साझा आवास समझौतों को सरकारी रजिस्ट्री में दर्ज कराना अनिवार्य होगा जिससे पारदर्शिता बनी रहे और रहने वालों को कानूनी सुरक्षा मिल सके।
किराये के लिए नया इंडेक्स और सख्त सजा
दुबई भूमि विभाग द्वारा साझा आवास इकाइयों के लिए एक समर्पित रेंटल इंडेक्स भी शुरू किया जाएगा ताकि कीमतों को तय किया जा सके और पारदर्शिता बढ़ाई जा सके। नियमों का उल्लंघन करने पर 500 दिरहम से लेकर 500,000 दिरहम तक का भारी जुर्माना लगाया जा सकता है। अगर कोई एक साल के भीतर दोबारा गलती करता है तो जुर्माना 10 लाख दिरहम तक पहुंच सकता है। इसके अलावा अधिकारियों के पास यह अधिकार होगा कि वे परमिट रद्द कर दें या गैर-अनुपालन इकाइयों को खाली करवा दें। मौजूदा मालिकों को अपने कामकाज को सुधारने के लिए 26 अगस्त 2027 तक एक साल की छूट अवधि दी गई है। इस कानून से जुड़े किसी भी विवाद का निपटारा दुबई के रेंटल डिस्प्यूट्स सेंटर द्वारा किया जाएगा।