Iran News: अमेरिका के साथ सीक्रेट बातचीत की खबरों को ईरान ने किया खारिज, राष्ट्रपति ट्रंप के दावे को बताया पूरी तरह से गलत।

ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स यानी IRGC ने उन तमाम रिपोर्ट्स को सिरे से खारिज कर दिया है जिसमें अमेरिका के साथ किसी भी तरह की गुप्त बातचीत होने का दावा किया जा रहा था। इस मामले में IRGC के प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल Hossein Mohebbi ने अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump के उन बयानों पर कड़ी प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने कहा था कि उनका प्रशासन शांति चर्चा को आगे बढ़ाने के लिए ईरानी सैन्य शाखा के साथ सीधे संपर्क में है। ईरानी अधिकारियों ने इन दावों को पूरी तरह से निराधार और निराशा में दिए गए बयान करार दिया है।
ईरान ने बातचीत की खबरों को बताया अफवाह
Hossein Mohebbi ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि उनका संगठन किसी भी तरह की कूटनीतिक बातचीत में शामिल नहीं होता है और कूटनीति से जुड़े ऐसे तमाम मामले उनके अधिकार क्षेत्र से बाहर आते हैं। ईरान का यह रुख साफ करता है कि सैन्य मामलों को देखने वाले संगठन और कूटनीति के रास्ते पूरी तरह से अलग हैं। इस बीच, ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmaeil Baghaei ने भी मीडिया में चल रही उन तमाम अटकलों को खारिज किया जिनमें इराकी कुर्दिस्तान के अधिकारियों द्वारा गुप्त बैठकों की मध्यस्थता करने की बात कही जा रही थी।
समझौते की अवधि खत्म होने के बाद बढ़ी चर्चाएं
ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने ऐसी सभी रिपोर्ट्स को एक प्रकार का मनोवैज्ञानिक अभियान बताया जिसका मकसद केवल अंदरूनी कलह पैदा करना है। यह पूरा घटनाक्रम अमेरिका और ईरान के बीच हुए 60-दिन के उस समझौते के खत्म होने के बाद सामने आया है जो एक यू-एस ईरान मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग के तहत चल रहा था। यह तय समय सीमा 17 अगस्त 2026 को बिना किसी औपचारिक समझौते की प्रगति के समाप्त हो गई थी। अमेरिका के राष्ट्रपति लगातार यह दावा कर रहे हैं कि दोनों देशों के बीच बैकचैनल यानी गुप्त रास्ते से बातचीत जारी है, लेकिन दूसरी तरफ ईरानी अधिकारियों का यह कहना है कि वाशिंगटन द्वारा पहले किए गए वादों को तोड़ने के इतिहास के कारण ऐसे दावों का कोई मतलब नहीं रह जाता है।