Kuwait और अमेरिका के बीच डिफेंस मीटिंग खत्म, 1.98 बिलियन डॉलर की डील और नया सुरक्षा समझौता हुआ पक्का

कुवैत और अमेरिका के बीच आपसी सुरक्षा और रक्षा सहयोग को मजबूत करने के लिए चल रही महत्वपूर्ण बैठक आधिकारिक तौर पर समाप्त हो गई है। यह दोनों देशों की 16th Joint Military Commission की सालाना बैठक थी, जो August 20, 2026 को पूरी हुई। इस उच्च स्तरीय बैठक की शुरुआत August 19, 2026 को हुई थी, जिसमें दोनों देशों के बड़े सैन्य और सरकारी अधिकारियों ने हिस्सा लिया और आपसी रक्षा संबंधों को और आगे बढ़ाने पर लंबी चर्चा की।
कुवैत और अमेरिका के अधिकारियों ने की बैठक की अध्यक्षता
इस महत्वपूर्ण सामरिक बैठक की अध्यक्षता कुवैत के चीफ ऑफ द जनरल स्टाफ Lt. Gen. Khaled al-Shriaan और अमेरिका के डिप्टी असिस्टेंट সেক্রেটারি ऑफ वॉर फॉर नेयर ईस्ट एंड सेंट्रल एशिया Michael P. DiMino IV ने संयुक्त रूप से की। आधिकारिक सरकारी रिपोर्ट के अनुसार, इस बातचीत का मुख्य उद्देश्य दोनों देशों के बीच डिफेंस कोऑपरेशन को बढ़ावा देना था। बैठक में मुख्य रूप से मानवरहित हवाई प्रणालियों यानी ड्रोन्स का मुकाबला करने, एयर और मिसाइल डिफेंस को मजबूत करने और समुद्री सुरक्षा में सहयोग बढ़ाने जैसे गंभीर मुद्दों पर ध्यान केंद्रित किया गया। इस बारे में अधिक जानकारी के लिए आप official government reporting पर जा सकते हैं।
कुवैत आर्म्स फोर्सेस के लिए नए रोडमैप तैयार
शिखर सम्मेलन के दौरान दोनों पक्षों के अधिकारियों ने नए ऑपरेशनल रोडमैप को अंतिम रूप दिया। इन्हें तैयार करने का मुख्य मकसद कुवैत आर्म्ड फोर्सेस की रक्षा क्षमताओं को बढ़ाना और अमेरिकी कर्मियों के साथ तालमेल को बेहतर करना है। इस कमीशन का एक बहुत बड़ा विकास यह हुआ कि कुवैत आधिकारिक तौर पर अमेरिका के स्टेट पार्टनरशिप प्रोग्राम में शामिल हो गया है। इस प्रोग्राम के तहत कुवैत को मैरीलैंड नेशनल गार्ड के साथ जोड़ा गया है। इस दौरान मैरीलैंड नेशनल गार्ड का प्रतिनिधित्व एड्जुटेंट जनरल मेजर जनरल Janeen Birckhead ने किया, जबकि अमेरिका में कुवैत की राजदूत शेखा अल-जैन अल-सबा भी इस कार्यवाही में शामिल थीं। पिछली बैठकों और समझौतों के बारे में विस्तार से जानने के लिए joint statement देखा जा सकता है।
मिलिट्री आधुनिकीकरण और हथियारों की खरीद
कुवैत ने अपनी सेना के आधुनिकीकरण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को एक बार फिर दोहराया है। इसमें $1.98 billion की भारी-भरकम लागत से एंड्यूरिल काउंटर-स्मॉल यूएएस सिस्टम की पेंडिंग खरीद भी शामिल है। इसके अलावा, कमीशन ने अमेरिकी हथियारों के ट्रांसफर की प्रक्रिया को आसान बनाने और क्षेत्रीय सुरक्षा चुनौतियों के बारे में साझा आकलन पर भी खुलकर चर्चा की। इन वार्ताओं में अमेरिकी सेंट्रल कमांड यानी CENTCOM, ज्वॉइंट स्टाफ और स्टेट डिपार्टमेंट के प्रतिनिधि भी शामिल हुए। यह सभी चर्चाएं साल 1991 के रक्षा सहयोग समझौते के तहत प्राथमिक रक्षा मंच के रूप में काम करती हैं।