नेपाल-चीन व्यापार मार्ग पर भारी भूस्खलन, बॉर्डर सिक्योरिटी बेस को नुकसान, बाल-बाल बचे सुरक्षाकर्मी.

नेपाल और चीन के बीच व्यापार के लिए सबसे व्यस्त रहने वाले सिंधुपालचोक जिले के भोटेकोशी तातोपानी इलाके में एक बड़ी प्राकृतिक आपदा सामने आई है। यहाँ पहाड़ी से अचानक हुए भारी भूस्खलन की वजह से सशस्त्र प्रहरी बल यानी एपीएफ के सीमा सुरक्षा बेस को काफी नुकसान पहुंचा है। गनीमत यह रही कि इस भयानक हादसे में किसी भी सुरक्षाकर्मी को चोट नहीं आई और सभी लोग पूरी तरह सुरक्षित हैं।
अंधेरी रात में पहाड़ी दरकने से मची अफरातफरी
सशस्त्र प्रहरी बल के अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक, यह घटना 07 अगस्त को गुरुवार की देर रात करीब 1:15 बजे हुई। सीमा सुरक्षा बेस यानी बीओपी के ठीक उत्तर-पश्चिम दिशा में बनी करीब 200 से 300 मीटर ऊंची विशाल पहाड़ी का एक हिस्सा अचानक से नीचे आ गिरा। भूस्खलन के साथ पहाड़ों से भारी-भरकम पत्थर सीधे सुरक्षा बेस के परिसर के अंदर आ गिरे, जिससे वहां बनी कई जरूरी इमारतें और सुरक्षा ढांचे इसकी चपेट में आ गए।
सुरक्षा बेस की इमारतों और साजो-सामान को पहुंचा नुकसान
पहाड़ी से गिरे पत्थरों और मलबे की वजह से बेस के अंदर बनी पहली पंक्ति की बैरक की एक खिड़की का कांच टूट गया। इसके अलावा दूसरी पंक्ति की बैरक की दीवार और वहां लगी टीन की छत में कई जगह बड़े-बड़े छेद हो गए। इस आपदा में एक ड्यूटी पोस्ट पूरी तरह से नेस्तनाबूद हो गई है, जबकि दूसरी ड्यूटी पोस्ट को भी आंशिक रूप से नुकसान उठाना पड़ा है। परिसर में शान से लहराने वाले राष्ट्रीय ध्वज का पोल भी इस भूस्खलन की वजह से पूरी तरह से टूटकर क्षतिग्रस्त हो गया।
अधिकारियों ने बताया कि इस प्राकृतिक आपदा की चपेट में सुरक्षाकर्मियों का बाथरूम, सामान रखने वाला भंडार स्टोर भवन और मुख्य प्रवेश द्वार के ठीक सामने बनाई गई सीढ़ियां भी आ गईं। हालांकि, रात का समय होने और समय पर स्थिति संभल जाने के कारण किसी भी प्रकार की बड़ी मानवीय क्षति नहीं हुई है। सभी सुरक्षाकर्मी पूरी तरह सुरक्षित बताए जा रहे हैं और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।