New Delhi Railway Station: Paharganj साइड पर खाने-पीने के नाम पर बड़ा खेल, यात्री ने लगाया बिल में धोखाधड़ी का गंभीर आरोप.

नई दिल्ली रेलवे स्टेशन के Paharganj साइड पर आने जाने वाले मुसाफिरों के साथ ठगी का एक नया मामला सामने आया है जहाँ खाने-पीने की दुकानों पर लोगों से ज्यादा पैसे वसूले जा रहे हैं। एक यात्री ने हाल ही में सोशल मीडिया और पब्लिक प्लेटफॉर्म पर अपनी आपबीती साझा करते हुए बताया कि स्टेशन के बाहर बने भोजनालयों और दुकानों पर यात्रियों को किस तरह लूटा जा रहा है। इन दुकानों के बाहर बड़े-बड़े बोर्ड पर शुद्ध शाकाहारी खाना लिखे होने के कारण दूर-दूर से आने वाले पर्यटक आसानी से झांसे में आ जाते हैं और दुकान के अंदर चले जाते हैं।
खाने का दाम कुछ और, बिल में वसूली रकम
यात्री ने अपनी शिकायत में बताया कि जब वह Paharganj इलाके की एक दुकान पर खाना खाने गए तो उन्हें मेनू कार्ड या मौखिक रूप से एक थाली या खाने की कीमत मात्र 130 रुपये बताई गई थी। यात्री ने आराम से खाना खाया और जब पेट भरने के बाद काउंटर पर पेमेंट करने पहुंचे तो दुकानदार ने उनके हाथ में 440 रुपये का भारी-भरकम बिल थमा दिया। इतने कम खाने का इतना ज्यादा बिल देखकर यात्री हैरान रह गए और उन्होंने दुकानदार से इस भारी अंतर के बारे में सवाल पूछा।
सवाल पूछने पर दुकानदार ने दिखाए तेवर
जब यात्री ने 130 रुपये की जगह 440 रुपये का बिल आने पर आपत्ति जताई और दुकानदार से बहस की, तो दुकान के मालिक या कर्मचारी ने कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया। दुकानदार ने मनमाने तरीके से अलग-अलग तरह के एक्स्ट्रा चार्ज जोड़ दिए और शुरुआती तय कीमत पर खाना देने से साफ मना कर दिया। स्थिति तब और बिगड़ गई जब यात्री ने इसका विरोध किया, और आरोप है कि दुकानदार ने उन्हें धमकाना शुरू कर दिया ताकि वे बिना किसी बहस के पूरा पैसा चुका दें। इस तरह की घटनाओं से देश की राजधानी आने वाले आम यात्रियों और पर्यटकों में काफी डर और गुस्सा देखने को मिल रहा है।
प्रशासन की तरफ से अभी तक कोई एक्शन नहीं
देश के इतने बड़े और व्यस्त ट्रांजिट हब यानी New Delhi Railway Station के बाहर इस तरह की मनमानी और खुली लूट आम जनता को परेशान कर रही है। हालांकि इन सार्वजनिक शिकायतों के सामने आने के बावजूद अभी तक स्थानीय प्रशासन या रेलवे पुलिस की तरफ से कोई आधिकारिक बयान या सख्त कार्रवाई सामने नहीं आई है। यात्रियों का कहना है कि अगर समय रहते ऐसी दुकानों पर लगाम नहीं लगाई गई, तो देश-विदेश से आने वाले लोग रेलवे स्टेशन के बाहर ठगी का शिकार होते रहेंगे।