नॉर्वे का बड़ा ऐलान, अगले साल यूक्रेन को दी जाएगी 9.2 अरब डॉलर की सैन्य मदद

यूक्रेन और रूस के बीच चल रही जंग के बीच नॉर्वे देश की तरफ से एक बहुत बड़ा फैसला सामने आया है। नॉर्वे के प्रधानमंत्री Jonas Gahr Store ने हाल ही में अपनी कीव यात्रा के दौरान यह घोषणा की है कि उनका देश आने वाले साल 2027 में यूक्रेन को 85 अरब नॉर्वेजियन क्रोन यानी करीब 9.2 अरब डॉलर की भारी-भरकम सहायता राशि देगा। इस बड़े ऐलान के बाद से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इस मदद की चर्चा बहुत तेज हो गई है और यह साफ हो गया है कि नॉर्वे इस मुश्किल समय में पूरी तरह से यूक्रेन के साथ खड़ा है।
तुर्किए की सरकारी समाचार एजेंसी Anadolu के मुताबिक, नॉर्वे के प्रधानमंत्री ने अपनी यात्रा के दौरान यह साफ संदेश दिया कि उनका देश यूक्रेन के आम नागरिकों और उनकी सेना दोनों का लगातार समर्थन करता रहेगा। इस कुल सहायता पैकेज में से बड़ा हिस्सा यानी 70 अरब क्रोन जो लगभग 7.5 अरब डॉलर बनता है, सिर्फ सैन्य सहायता के रूप में दिया जाएगा। इसके अलावा बचा हुआ हिस्सा यानी 15 अरब क्रोन जो लगभग 1.6 अरब डॉलर है, उसे नागरिक सहायता के कामों के लिए खर्च किया जाएगा। यह लगातार तीसरा साल होगा जब नॉर्वे यूक्रेन को इतनी बड़ी सालाना राशि सहायता के तौर पर उपलब्ध कराएगा।
कीव यात्रा के दौरान रूस पर बोला तीखा हमला
अपनी इस महत्वपूर्ण कीव यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री जोनास गहर स्टोर ने रूस के खिलाफ भी बेहद कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि यूक्रेन के आम लोग हर दिन रूसी हमलों और इस युद्ध के भयानक परिणामों का सामना करने के लिए मजबूर हैं। उन्होंने यूक्रेनी शहरों और वहां के जरूरी बुनियादी ढांचे पर लगातार हो रहे रूसी मिसाइल और ड्रोन हमलों का खास तौर पर जिक्र किया। प्रधानमंत्री ने बताया कि नागरिकों को एक सोची-समझी रणनीति के तहत निशाना बनाया जा रहा है, जो कि बेहद चिंता का विषय है। उन्होंने यह भी कहा कि यूक्रेन के लोग अपनी आजादी, अपनी स्वतंत्रता और अपने भविष्य का फैसला खुद करने के बुनियादी अधिकार के लिए यह लड़ाई लड़ रहे हैं।
शिखर सम्मेलन और बैठकों में लेंगे हिस्सा
अपनी इस यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री स्टोर अकेले नहीं थे, बल्कि वह रविवार को नॉर्डिक और बाल्टिक देशों के बड़े नेताओं के साथ राजधानी कीव पहुंचे थे। इस यात्रा के दौरान वह यूक्रेन और नॉर्डिक-बाल्टिक देशों के बीच होने वाले एक खास शिखर सम्मेलन में भी हिस्सा लेंगे। इसके अलावा उनके यूक्रेन के राष्ट्रीय ध्वज दिवस से जुड़े कार्यक्रमों में शामिल होने और वहां के बड़े अधिकारियों के साथ अहम बैठकों में भाग लेने की पूरी उम्मीद है। नॉर्वे की तरफ से की गई इस नई सहायता की घोषणा से यह साफ संकेत मिल रहा है कि यूक्रेन को आने वाले दिनों में सैन्य और नागरिक दोनों ही मोर्चों पर लंबा और मजबूत समर्थन मिलता रहेगा।