Oman Coastline Oil Spill: ओमान के तट पर पहुंचा बड़ा तेल का रिساव, 40 किलोमीटर का इलाका हुआ प्रभावित.

ओमान के समुद्र तट पर एक बहुत बड़ी पर्यावरणीय आपदा आ गई है, जहां प्रतिबंधित टैंकर Caroline Bezengi से निकला भारी मात्रा में कच्चा तेल मुख्य भूमि तक पहुंच गया है। इस तेल के फैलाव से ओमान के Ras Madrakah इलाके का लगभग 40 किलोमीटर लंबा समुद्र तट बुरी तरह प्रभावित हुआ है। पर्यावरण से जुड़े अधिकारी लगातार इस बात पर नजर बनाए हुए हैं कि यह खतरनाक स्थिति मसीराह द्वीप के दक्षिणी समुद्र तटों को कितना नुकसान पहुंचाती है, क्योंकि तेल का यह काला घेरा लगातार आगे बढ़ता जा रहा है। स्वतंत्र विशेषज्ञों का मानना है कि यह तेल का फैलाव अब 2,000 वर्ग किलोमीटर से भी ज्यादा बड़े क्षेत्र में फैल चुका है।
ओमान पर्यावरण प्राधिकरण की सख्त चेतावनी और निर्देश
ओमान के पर्यावरण प्राधिकरण ने आम जनता, मछुआरों और समुद्र तट पर घूमने आने वाले लोगों के लिए एक जरूरी सलाह जारी की है। प्रशासन ने साफ कहा है कि लोग इन प्रदूषित पदार्थों के संपर्क में आने से बचें और गंदे हो चुके पानी में भूलकर भी नहाने न जाएं। तेल हटाने और इसे रोकने का काम पहले से ही मुश्किल मानसून के मौसम की वजह से बहुत धीमी गति से चल रहा था, लेकिन अब स्थिति और भी गंभीर हो गई है। इस जहाज के पास पश्चिमी देशों का कोई मान्यता प्राप्त बीमा नहीं है और इसे युद्ध की कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है, जिससे सफाई के काम में कानूनी और व्यावहारिक मुश्किलें आ रही हैं। इस संबंध में अधिक जानकारी के लिए आप QNA News की आधिकारिक रिपोर्ट देख सकते हैं।
प्रतिबंधित टैंकर और इतिहास
यह वही टैंकर है जिसे रूस के 'शैडो फ्लीट' यानी गुप्त जहाजी बेड़े का हिस्सा माना जाता है और इस पर अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंध लगे हुए हैं। यह जहाज जून के महीने में Al Hallaniyat Islands के पास एक हादसे का शिकार होने के बाद जमीन पर फंस गया था और तभी से लगातार इससे कच्चा तेल लीक हो रहा है। पर्यावरण से जुड़े विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि अगर यह जहाज आने वाले दिनों में और अधिक टूटता है या बिखरता है, तो यह घटना दुनिया की सबसे बड़ी पर्यावरणीय आपदाओं में से एक बन सकती है।
समुद्री जीवों और पर्यावरण पर मंडराता बड़ा खतरा
इस तेल के फैलाव से उन संवेदनशील इलाकों को बहुत बड़ा खतरा पैदा हो गया है जो हंपबैक व्हेल और समुद्री कछुओं जैसे दुर्लभ जीवों का प्राकृतिक आवास माने जाते हैं। स्थानीय प्रशासन और पर्यावरण मंत्रालय के लोग लगातार हालात पर काबू पाने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन मौसम की खराबी और जहाज की स्थिति के कारण काम बहुत धीरे हो रहा है। तट के पास रहने वाले लोगों और वहां काम करने वाले प्रवासियों को भी पूरी सावधानी बरतने के लिए कहा गया है ताकि किसी भी तरह की स्वास्थ्य संबंधी परेशानी से बचा जा सके।