Qatar में फर्जी मेडिकल सर्टिफिकेट का बड़ा खेल, सरकारी कर्मचारी और छात्र थे शामिल, अटॉर्नी जनरल ने दिए जांच के आदेश

Praggya Singh sabal28 July 20261 min read8 viewsQatar
Qatar में फर्जी मेडिकल सर्टिफिकेट का बड़ा खेल, सरकारी कर्मचारी और छात्र थे शामिल, अटॉर्नी जनरल ने दिए जांच के आदेश

कतर के अटॉर्नी जनरल डॉ. ईसा बिन साद अल जाफली अल नुऐमी ने फर्जी मेडिकल लीव सर्टिफिकेट बनाने वाले एक गिरोह के खिलाफ जांच के आदेश दिए हैं। सार्वजनिक अभियोजन (Public Prosecution) ने 28 जुलाई 2026 को इस मामले की जानकारी दी। यह गिरोह कथित तौर पर कतर के एक नागरिक द्वारा चलाया जा रहा था, जो विदेश में बैठे लोगों के साथ मिलकर Hamad Medical Corporation के नाम पर जाली मेडिकल दस्तावेज तैयार करवाता था।

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फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल

जांच में पता चला है कि इस फर्जीवाड़े का शिकार सरकारी कर्मचारी और विभिन्न शिक्षण संस्थानों के छात्र बने, जिन्होंने इन जाली सर्टिफिकेट्स का इस्तेमाल अनधिकृत छुट्टी लेने के लिए किया। इन दस्तावेजों के बदले आरोपी के बैंक खाते में पैसे ट्रांसफर किए जाते थे। मंत्रालय की रिपोर्ट के बाद Public Prosecution ने इस मामले में कड़ा रुख अपनाया है और सभी संस्थानों से कहा है कि वे जमा किए गए मेडिकल सर्टिफिकेट्स की सत्यता की जांच जरूर करें।

कानूनी नियम और चेतावनी

कतर के कानून की धारा 82 के अनुसार, बीमार होने की छुट्टी केवल देश के आधिकारिक और अधिकृत डॉक्टरों द्वारा जारी प्रमाण पत्र के आधार पर ही मिल सकती है। साथ ही, सभी नियोक्ताओं के लिए अनिवार्य है कि वे सुनिश्चित करें कि लीव की जानकारी E-Jaza सिस्टम में अपडेट हो। Public Health Ministry ने भी स्पष्ट किया है कि गलत सर्टिफिकेट जारी करने वाले डॉक्टरों या स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं पर सख्त कानूनी और अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

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