Qatar Mediation: ईरान और ओमान के बीच हॉर्मूज जलडमरूमध्य को लेकर बातचीत अंतिम चरण में, जल्द हो सकता है बड़ा समझौता

Sushma Kumari11 August 20262 min read64 viewsQatar
Qatar Mediation: ईरान और ओमान के बीच हॉर्मूज जलडमरूमध्य को लेकर बातचीत अंतिम चरण में, जल्द हो सकता है बड़ा समझौता

खाड़ी देशों में तनाव को कम करने के लिए कतर की मध्यस्थता रंग लाती दिख रही है और ईरान तथा ओमान के बीच एक अहम समझौता होने की उम्मीद जताई जा रही है। Qatar के विदेश मंत्रालय के आधिकारिक प्रवक्ता Majed Al-Ansari ने 11 अगस्त 2026 को यह जानकारी दी कि दोनों देशों के बीच हॉर्मूज जलडमरूमध्य को दोबारा खोलने को लेकर बातचीत बहुत ही संवेदनशील और महत्वपूर्ण दौर में पहुंच चुकी है। इस मध्यस्थता का मुख्य उद्देश्य इस महत्वपूर्ण जलमार्ग को जल्द से जल्द फिर से चालू करना और क्षेत्रीय तनाव को कम करना है ताकि आम लोगों और व्यापार पर इसका बुरा असर न पड़े।

कतर की मध्यस्थता और ईरान की तैयारी

कतर की सरकार शुरू से ही इस बात पर जोर देती रही है कि किसी भी विवाद को सुलझाने के लिए कूटनीतिक रास्ते ही सबसे बेहतर होते हैं। Ministry of Foreign Affairs Qatar के रिकॉर्ड के अनुसार, कतर हॉर्मूज जलडमरूमध्य को राजनीतिक हथियार के रूप में इस्तेमाल करने के सख्त खिलाफ है। प्रवक्ता ने यह भी बताया कि ईरानी पक्ष इस समय चल रही बातचीत को लेकर एक आधिकारिक घोषणा का मसौदा तैयार कर रहा है। खाड़ी क्षेत्र में काम करने वाले प्रवासियों और भारत आने-जाने वाले लोगों के लिए इस रास्ते का खुलना बहुत जरूरी है क्योंकि इससे समुद्री व्यापार और आवाजाही सुचारू रूप से चलती है।

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ईरान और अमेरिका के बीच की शर्तें

हालांकि बातचीत में प्रगति हुई है लेकिन ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmail Baghaei ने 10 अगस्त 2026 को यह साफ किया कि ओमान के साथ नए शिपिंग लेन तय करने के लिए समझौता लगभग तैयार है। इसके बावजूद, जलमार्ग को तब तक पूरी तरह नहीं खोला जाएगा जब तक अमेरिका ईरान की शर्तों को पूरा नहीं करता है। ईरान की इन मांगों में युद्ध नुकसान का मुआवजा देना, प्रतिबंधों और सैन्य धमकियों को समाप्त करना तथा ईरान पर लगे अमेरिकी नाकाबंदी को हटाना शामिल है। इसके अलावा, ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड ने भी यह दोहराया कि रास्ते का खुलना अमेरिका द्वारा इन शर्तों को स्वीकार करने पर ही निर्भर करता है।

अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया और अमेरिका का रुख

इस पूरे घटनाक्रम के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने 10 अगस्त 2026 को मांग की कि ईरान को पीड़ितों के परिवारों और मध्य पूर्वी देशों को मुआवजा देना चाहिए। साथ ही उन्होंने हॉर्मूज जलडमरूमध्य पर अमेरिकी नियंत्रण बनाए रखने की बात भी कही। इस बीच पाकिस्तान के रक्षा मंत्री Khawaja Asif ने 11 अगस्त 2026 को यह सुझाव दिया कि अमेरिका और ईरान किसी प्रकार के शांति समझौते या व्यवस्था के बहुत करीब पहुंच रहे हैं जिससे दुनिया भर में इस विवाद के हल होने की उम्मीद बढ़ गई है। खाड़ी देशों में रहने वाले और वहां सफर करने वाले लोग इस बात पर नजर बनाए हुए हैं कि कब यह जलमार्ग पूरी तरह सुरक्षित तरीके से दोबारा खुलता है।

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