सऊदी अरब की अर्थव्यवस्था में बड़ा उछाल, जून 2026 में राजस्व 6.1 प्रतिशत बढ़ा और निर्माण परमिट में 20.3 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज.

सऊदी अरब के सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, देश की आर्थिक स्थिति में लगातार सुधार देखने को मिल रहा है और आम जनता के लिए रोजगार के अवसर भी तेजी से बढ़ रहे हैं। General Authority for Statistics (GASTAT) द्वारा जारी किए गए शुरुआती आंकड़ों के अनुसार, इस साल जून 2026 में देश का ऑपरेटिंग रेवेन्यू इंडेक्स 6.1 प्रतिशत बढ़कर सामने आया है। इस शानदार बढ़ोतरी के पीछे मुख्य वजह मैन्युफैक्चरिंग और फाइनेंशियल एक्टिविटीज में आया 16.9 प्रतिशत का बड़ा उछाल है, जिससे देश के बाजारों में रौनक लौट आई है।
विभिन्न सेक्टरों में आई तेजी
सऊदी अरब में अलग-अलग क्षेत्रों ने इस आर्थिक तरक्की में अपनी अहम भूमिका निभाई है। ट्रांसपोर्टेशन और स्टोरेज सेक्टर में 18.4 प्रतिशत की वार्षिक वृद्धि दर्ज की गई है, जबकि रियल एस्टेट सेक्टर ने 15 प्रतिशत की दर से तरक्की की है। इसके अलावा, बिजली, गैस और एयर कंडीशनिंग सप्लाई सेक्टर में 14.9 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। सूचना और संचार क्षेत्र में 5.4 प्रतिशत, आवास और खाद्य सेवाओं में 4 प्रतिशत, कंस्ट्रक्शन सेक्टर में 2.3 प्रतिशत और थोक व खुदरा व्यापार में 0.6 प्रतिशत की मामूली बढ़त दर्ज की गई है। हालांकि, केवल माइनिंग और क्वारींग यानी खनन क्षेत्र ऐसा रहा जिसमें 10.9 प्रतिशत की गिरावट देखने को मिली है।
कर्मचारियों के वेतन और मुआवजा सूचकांक में वृद्धि
काम करने वाले लोगों के लिए भी राहत भरी खबर है क्योंकि कर्मचारियों का मुआवजा सूचकांक जून महीने में सालाना आधार पर 9.1 प्रतिशत बढ़ गया है। इसमें मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर के कर्मचारियों के वेतन में 11.8 प्रतिशत, वित्तीय गतिविधियों में 7.8 प्रतिशत, खुदरा व्यापार में 7.6 प्रतिशत और कंस्ट्रक्शन सेक्टर में 6.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। महीने दर महीने के हिसाब से देखें तो कर्मचारियों के मुआवजे में 1.6 प्रतिशत की कुल तेजी आई है, जिससे वहां काम करने वाले प्रवासियों और स्थानीय नागरिकों को आर्थिक रूप से फायदा मिल रहा है।
बिल्डिंग परमिट में भारी इजाफा
सऊदी अरब में रियल एस्टेट और निर्माण कार्यों में कितनी तेजी है, इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि जून 2026 में कुल 5,045 बिल्डिंग परमिट जारी किए गए। पिछले साल यानी जून 2025 में यह आंकड़ा 4,192 पर था, जिसके मुकाबले इस साल परमिट जारी होने की संख्या में सीधे 20.3 प्रतिशत की बड़ी बढ़ोतरी हुई है। हालांकि मई 2026 के मुकाबले जून में परमिट की संख्या में मामूली 0.2 प्रतिशत की गिरावट जरूर आई है जब कुल 5,056 परमिट जारी हुए थे, लेकिन सालाना आधार पर यह उछाल देश में चल रहे निर्माण कार्यों की गति को साफ बयान करता है।