Saudi Japan Talks: सऊदी अरब और जापान के बीच हुई बड़ी बैठक, निवेश और एनर्जी बढ़ाने पर बनी सहमति.

रियाद में सऊदी अरब और जापान के बीच कूटनीतिक रिश्तों को मजबूत करने के लिए एक अहम बैठक आयोजित की गई। इस उच्चस्तरीय बैठक में दोनों देशों के मंत्रियों ने आपसी सहयोग को और आगे बढ़ाने पर जोर दिया। सऊदी अरब के विदेश मंत्री ने इस मुलाकात को दोनों देशों की पुरानी दोस्ती का प्रतीक बताया और जापान को देश का एक अहम आर्थिक साझीदार माना।
सऊदी और जापान के बीच किन मुद्दों पर हुई बात
सऊदी अरब के विदेश मंत्री Prince Faisal bin Farhan ने मंत्रालय के मुख्यालय में जापान के विदेश मंत्री Toshimitsu Motegi का स्वागत किया। यह दोनों देशों के बीच आयोजित होने वाली तीसरी रणनीतिक बातचीत थी। इस दौरान दोनों नेताओं ने पुरानी और मजबूत साझेदारी पर खुलकर चर्चा की जो आपसी भरोसे और सम्मान पर टिकी हुई है। बैठक में यह बात सामने आई कि कैसे दोनों देश मिलकर आने वाले समय में अपने व्यापार और संबंधों को नई ऊंचाइयों तक ले जा सकते हैं।
सऊदी विदेश मंत्री ने निवेश, ऊर्जा, संसाधन, सप्लाई चेन, रक्षा और टेक्नोलॉजी जैसे कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में आपसी सहयोग का दायरा बढ़ाने की इच्छा जताई। उन्होंने यह भी साफ किया कि सऊदी अरब ऊर्जा के मामले में जापान के लिए एक भरोसेमंद साझीदार बना रहेगा। इसके साथ ही उन्होंने वैश्विक बाजार में स्थिरता बनाए रखने और आर्थिक मजबूती के लिए जापान के प्रयासों की सराहना भी की।
समुद्री सुरक्षा और क्षेत्रीय स्थिरता पर जोर
बैठक के दौरान समुद्री सुरक्षा को लेकर भी दोनों पक्षों के बीच गंभीर चर्चा हुई। सऊदी मंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि अंतरराष्ट्रीय कानूनों के तहत सभी समुद्री रास्तों और जलमार्गों की सुरक्षा करना दोनों देशों की प्राथमिकता है। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि Strait of Hormuz और Bab el-Mandeb समेत सभी समुद्री मार्ग पूरी तरह सुरक्षित और खुले रहने चाहिए ताकि व्यापार में कोई रुकावट न आए।
उन्होंने यह भी बताया कि सऊदी अरब क्षेत्रीय स्थिरता बनाए रखने के लिए हमेशा से कूटनीतिक और शांतिपूर्ण समाधानों को प्राथमिकता देता है। इस बैठक में जापान द्वारा मानवीय प्रयासों और अंतरराष्ट्रीय कानून के समर्थन में उठाए गए कदमों की भी सराहना की गई। इस खास बैठक में जापान में सऊदी अरब के राजदूत Dr. Ghazi bin Faisal bin Zaqr और एशियाई देशों के विभाग के महानिदेशक राजदूत Nasser Al-Ghanoum भी मौजूद रहे।