Strait of Hormuz Update: होर्मुज जलडमरूमध्य पर अमेरिका और ईरान आमने-सामने, ओमान को दी गई धमकी.

खाड़ी देशों में तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है और ताजा मामला दुनिया के सबसे अहम समुद्री रास्तों में से एक होर्मुज जलडमरूमध्य से जुड़ा है। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने 18 अगस्त 2026 को यह दावा किया कि यह रास्ता पूरी तरह से खुला हुआ है और सामान्य रूप से काम कर रहा है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर यह भी घोषणा की कि अमेरिका इस जलडमरूमध्य को नया अमेरिकी क्षेत्र घोषित कर रहा है और साथ ही ओमान को धमकी दी कि यदि उसने अमेरिकी प्रयासों में दखल दिया तो उसे बम से उड़ा दिया जाएगा।
कब्जे और दावों के बीच ईरान का कड़ा रुख
दूसरी तरफ अमेरिकी दावों को पूरी तरह खारिज करते हुए ईरान के शीर्ष वार्ताकार Mohammad Baqer Qalibaf ने उसी दिन साफ कर दिया कि यह जलडमरूमध्य तब तक बंद रहेगा जब तक अमेरिका अपना नौसैनिक नाकाबंदी नहीं हटाता, तेल प्रतिबंध समाप्त नहीं करता, ईरान की जमी हुई संपत्ति को जारी नहीं करता और सभी सैन्य अभियानों व धमकियों को नहीं रोकता। इन दोनों देशों के बीच यह तल्खी 17 जून 2026 को साइन किए गए एक समझौते के टूटने के बाद और ज्यादा बढ़ गई है, जिसे 60 दिनों के भीतर शांति समझौता पूरा करने के लिए तैयार किया गया था लेकिन अमेरिका ने 7 जुलाई को इसे खत्म घोषित कर दिया था और उसके बाद ईरान ने इस समझौते को आधिकारिक रूप से निलंबित कर दिया था.
व्यापारिक जहाजों की आवाजाही पर भारी असर
ऑपरेशनल डेटा के अनुसार Strait of Hormuz Live Tracker and Monitor की रिपोर्ट बताती है कि 18 अगस्त 2026 तक यह जलडमरूमध्य वाणिज्यिक जहाजों के लिए पिछले 170 दिनों से प्रभावी रूप से बंद चल रहा है, जिसकी शुरुआत 28 फरवरी से हुई थी। समुद्री जहाजों की आवाजाही बहुत ज्यादा कम हो गई है और अब यहां गिनती के जहाज ही नजर आ रहे हैं, जबकि बहुत बड़े क्रूड कैरियर या एलएनजी टैंकर पूरी तरह गायब हैं। इस बीच स्थिति को और ज्यादा तनावपूर्ण बनाते हुए United Kingdom Maritime Trade Operations (UKMTO) ने जानकारी दी कि 18 अगस्त को इस रास्ते से गुजर रहे एक जहाज पर किसी अज्ञात प्रोजेक्टाइल से हमला हुआ, जिससे इंजन रूम को नुकसान पहुंचा और एक नाविक की मौत हो गई। बाकी बचे हुए क्रू मेंबर की मदद इस समय ओमान की कोस्ट गार्ड टीम कर रही है, जिससे खाड़ी क्षेत्र में रहने वाले प्रवासियों और काम करने वाले लोगों के बीच सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।