अमेरिका का ईरान पर बड़ा पलटवार, अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने मांगा मुआवजा और रखी नई शर्त

सोमवार, 10 अगस्त 2026 को अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प ने एक बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि अमरीका अब ईरान से मुआवजा मांगेगा। उन्होंने अपने देश के बातचीत करने वाले अधिकारियों को साफ निर्देश दिए हैं कि वे आने वाले समय में होने वाली हर बैठक में इस मांग को जरूर शामिल करें। यह नया कदम ईरान के उस पुराने बयान के जवाब में उठाया गया है, जिसमें ईरान ने अमरीका और इस्राइल पर महीनों तक युद्ध थोपने का आरोप लगाया था और हुए नुकसान की भरपाई की मांग की थी। इस नए आदेश के बाद दोनों देशों के बीच चल रहा पुराना तनाव और ज्यादा बढ़ गया है और इसका असर पूरी दुनिया के बाजारों पर पड़ सकता है।
अमरीकी नागरिकों के लिए मुआवजे की मांग
राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प ने यह भी स्पष्ट किया कि अमरीका उन सभी अमरीकी नागरिकों के लिए मुआवजा लेगा जो पिछले समय में ईरान से जुड़े झगड़ों में मारे गए या घायल हुए थे। उन्होंने साल 2000 में हुए यूएसएस कोल बम धमाके और अन्य लड़ाइयों में जान गंवाने वाले सैनिकों का विशेष रूप से जिक्र किया। इसके अलावा उन्होंने उन लोगों के लिए भी मुआवजे की मांग की जो ईरानी सरकार की सख्ती और दमन का शिकार हुए हैं और पिछले कई दशकों में मारे गए या बुरी तरह घायल किए गए हैं। इस तरह की कड़ी शर्तों के सामने आने से दोनों देशों के बीच हालात को सुधारने की कोशिशों को बड़ा झटका लगा है।
ईरान की तरफ से रखी गई हैं कड़ी शर्तें
दूसरी तरफ, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने पहले ही साफ कर दिया था कि बातचीत शुरू करने के लिए उनकी कुछ अपनी शर्तें हैं। ईरान चाहता है कि अमरीका सबसे पहले उनके बंदरगाहों पर लगी रोक को हटाए, युद्ध से हुए नुकसान का पैसा दे, आर्थिक पाबंदियों को खत्म करे और उनके रोके गए पैसों को वापस करे। ईरान ने यह भी कहा है कि जब तक उनकी ये मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक वे दुनिया के लिए बहुत जरूरी माने जाने वाले स्ट्रेट ऑफ होर्मुज रास्ते को नहीं खोलेंगे। राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प का कहना है कि दोनों देशों के बीच बातचीत चल रही है, जबकि ईरानी अधिकारियों ने किसी भी तरह की सीधी बातचीत होने से इनकार किया है जिससे हालात को शांत करने की कोशिशें और उलझ गई हैं।