Yemen Crisis: मारीब में हूती ठिकानों पर Yemeni Forces की बड़ी कार्रवाई, 24 घंटे में 181 सटीक हमले.

यमन में चल रहे संघर्ष के बीच सरकारी सेना ने हौथी विद्रोहियों के खिलाफ अपनी सैन्य गतिविधियों को काफी तेज कर दिया है। पिछले 24 घंटे के भीतर सरकारी बलों ने हौथी ठिकानों को निशाना बनाते हुए कुल 181 सटीक ऑपरेशन चलाए। इन सैन्य कार्रवाइयों में ड्रोन, तोपखाने और रॉकेट प्रणालियों का बड़े पैमाने पर इस्तेमाल किया गया, जिससे दक्षिणी मारीब प्रांत के साथ-साथ तज़, होदेइदाह, ब्यान और अल-धाले के मोर्चों पर भारी तबाही देखने को मिली है। सरकारी अधिकारियों के अनुसार, इन हमलों में हौथी विद्रोहियों को भारी जनधन का नुकसान उठाना पड़ा है और उनके कई बंकर व हथियार नष्ट हो गए हैं।
हमलों के पीछे की मुख्य वजह
सैन्य अधिकारियों ने जानकारी दी है कि यह कार्रवाई किसी उकसावे का नतीजा नहीं, बल्कि हौथी हमलों का कड़ा जवाब है। विद्रोही लगातार बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन के जरिए आम रिहायशी इलाकों और विस्थापितों के शिविरों को निशाना बना रहे थे, खासकर मारीब क्षेत्र में। इन हमलों से आम नागरिकों की सुरक्षा खतरे में पड़ गई थी, जिसके बाद यमनी सशस्त्र बलों ने यह बड़ा कदम उठाया। पिछले दो दिनों में हुई इन झड़पों और हमलों के कारण 200 से अधिक हौथी विद्रोहियों के मारे जाने की खबर सामने आई है, जिससे क्षेत्र में तनाव और अधिक बढ़ गया है।
अंतर्राष्ट्रीय संगठनों की चिंता और अपील
यमन में हिंसा के इस अचानक और खतरनाक विस्तार ने वैश्विक संगठनों की चिंता बढ़ा दी है। संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्च आयुक्त वोल्कर टर्क ने इस बिगड़ते हालात पर गहरी चिंता जताई है। उन्होंने सभी पक्षों से अपील की है कि वे तुरंत सैन्य गतिविधियों को रोकें और शांति की राह अपनाएं। संयुक्त राष्ट्र ने इस बात पर जोर दिया है कि अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून का पालन करना बेहद जरूरी है ताकि आम नागरिकों की जान बचाई जा सके और देश की पहले से ही दयनीय मानवीय स्थिति को और अधिक खराब होने से रोका जा सके। इस पूरे घटनाक्रम की विस्तृत जानकारी ReliefWeb Report में दी गई है।