उत्तरी साइप्रस के पास पैसेंजर फेरी डूबी, आठ लोगों की मौत और कई लोग लापता, तलाश जारी.

Aanya31 August 20263 min read31 viewsWorld
उत्तरी साइप्रस के पास पैसेंजर फेरी डूबी, आठ लोगों की मौत और कई लोग लापता, तलाश जारी.

उत्तरी साइप्रस के तट के पास एक बड़ा हादसा हुआ है जहाँ तुर्की के झंडे वाली पैसेंजर फेरी Filo Jet समंदर में पलट गई। इस दर्दनाक हादसे में अब तक आठ लोगों की जान जाने की पुष्टि हुई है और राहत व बचाव कार्य अभी भी तेजी से जारी है। यह हादसा रविवार, 30 अगस्त 2026 को हुआ जब यह कैटामारन वेसल किरेनिया से तुर्की के तासुचु जा रही थी। पोत तट से लगभग चार नॉटिकल मील यानी 7.5 किलोमीटर दूर था और पलटने के बाद यह समंदर में 514 मीटर यानी 1,686 फीट की गहराई पर जाकर बैठ गया।

हादसे के वक्त फेरी पर मौजूद थे कुल 267 लोग

इस पानी के जहाज पर कुल 267 लोग सवार थे जिसमें 259 यात्री और 8 क्रू मेंबर शामिल थे। गनीमत यह रही कि तुरंत चलाए गए रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान 239 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया। हालांकि, अभी भी 18 से 20 लोग लापता बताए जा रहे हैं जिनकी तलाश के लिए समंदर में टीमें लगातार जुटी हुई हैं। इस दुखद घटना के बाद उत्तरी साइप्रस सरकार ने पूरे देश में तीन दिन के शोक की घोषणा की है। इस हादसे के बाद से स्थानीय लोगों और सफर करने वाले यात्रियों में काफी डर का माहौल देखा जा रहा है।

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अधिकारियों पर गिरी गाज और अदालत में हुई सुनवाई

तुर्की साइप्रस के प्रधानमंत्री उनाल उस्तेल ने पुष्टि की है कि जिन पोर्ट अधिकारियों ने इस यात्रा को हरी झंडी दिखाई थी, उन्हें जांच पूरी होने तक निलंबित कर दिया गया है। सोमवार को कैप्टन, सात क्रू मेंबर, कंपनी के एक कर्मचारी और पोर्ट अधिकारियों समेत कुल 14 संदिग्धों को किरेनिया डिस्ट्रिक्ट कोर्ट के सामने पेश किया गया। अदालत ने लापरवाही और असावधानी से मौत का कारण बनने के मामले में कैप्टन सहित नौ लोगों को तीन दिन की पुलिस हिरासत में भेजने का आदेश दिया। इसके अलावा पांच अन्य संदिग्धों को ट्रायल तक रिहा कर दिया गया और दो अन्य लोगों के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किए गए हैं।

लापता लोगों के परिजनों का दर्द और यात्रियों के आरोप

लापता लोगों के माता-पिता ने अपनी आंखों देखी इस डरावनी घटना का जिक्र किया है। अयतेन बिसर नाम की एक महिला ने बताया कि वह हादसे के वक्त अपनी 12 साल की बेटी मिराय और 6 साल के बेटे मेहमद असाफ को पकड़े हुए थीं, लेकिन इंजन के तेल और मलबे के बीच उनकी बेटी उनके हाथों से फिसल गई। उनके पति हैरी बिसर ने बताया कि बच्चों को बचाने की उनकी सारी कोशिशें नाकाम साबित हो गईं। वहीं, दूसरे बचे हुए यात्रियों ने दावा किया कि जहाज खराब मौसम में अजीब तरीके से हिल रहा था और लहरों के थपेड़ों से उसका अगला हिस्सा टूट गया था। यात्रियों ने यह भी आरोप लगाया कि कुछ दरवाजे बंद थे और कैप्टन मौके से भाग गया था, जिसकी जांच पब्लिक वर्क्स एंड ट्रांसपोर्ट मिनिस्टर एरहान आरिक्ली कर रहे हैं। अधिकारियों का कहना था कि फेरी अपनी क्षमता के 60 प्रतिशत लोड पर थी और उस पर पर्याप्त लाइफ जैकेट मौजूद थीं, लेकिन यात्रियों ने रवाना होने के तुरंत बाद धनुष के पास एक तेज धमाका या आवाज सुनने की बात कही है।

बचाव अभियान में जुटी हैं विशेष तकनीक और टीमें

इस बड़े सर्च ऑपरेशन में तुर्की और तुर्की साइप्रस के कोस्ट गार्ड, एयरक्राफ्ट, ड्रोन और प्राइवेट वेसल्स के साथ-साथ तुर्की नेवी की अंडरवाटर ऑफेंस यानी SAT टीम और गोताखोर भी मदद कर रहे हैं। रिपब्लिक ऑफ साइप्रस ने भी इस आपदा में मदद की पेशकश की थी। मंगलवार को तुर्की से एक रिमोट से चलने वाली पनडुब्बी समेत विशेष उपकरण वहां पहुंचे हैं, जिनकी मदद से डूबे हुए पोत का मुआयना किया जाएगा और उसका वॉयस डेटा रिकॉर्डर बाहर निकाला जाएगा। फेरी ऑपरेटर Filo Denizcilik ने प्रभावित परिवारों के लिए एक क्राइसिस सेंटर और हेल्पलाइन नंबर भी चालू किया है, क्योंकि यह यात्रा मूल रूप से शनिवार को तय थी लेकिन खराब मौसम की वजह से इसे एक दिन टालना पड़ा था।

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