Gaza News: गाजा में लगातार हो रहे हमलों से हालात हुए खराब, पिछले 48 घंटों में 10 फलस्तीनी लोगों की मौत

गाजा स्वास्थ्य मंत्रालय ने हाल ही में एक बड़ी जानकारी साझा की है जिसके मुताबिक पिछले 48 घंटों के दौरान गाजा पट्टी में कम से कम 10 फलस्तीनी नागरिकों की जान चली गई है। यह घटनाएं ऐसे समय में सामने आई हैं जब पूरे क्षेत्र में लगातार सैन्य कार्रवाई और संघर्ष विराम के नियमों का उल्लंघन जारी है। शनिवार, 12 सितंबर 2026 को मंत्रालय ने आधिकारिक तौर पर पुष्टि की कि अस्पतालों में पिछले 24 घंटों के भीतर 10 शव लाए गए और इसके साथ ही 56 घायल लोगों का इलाज भी किया गया। इन ताजा मामलों के साथ ही क्षेत्र में युद्ध जैसे हालात और समझौतों के उल्लंघन का सिलसिला लगातार 338वें दिन भी जारी रहा, जिससे आम जनता का जीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया है। इस बारे में अधिक जानकारी के लिए आप QNA News की आधिकारिक रिपोर्ट देख सकते हैं।
भूख और कुपोषण से लगातार बढ़ रही है लोगों की मौत
युद्ध और बमबारी के बीच गाजा के लोगों को एक और बड़ी मुसीबत का सामना करना पड़ रहा है जो कि गंभीर भूख और कुपोषण है। मंत्रालय की रिपोर्ट के अनुसार, 11 सितंबर 2026 को समाप्त हुए 24 घंटों में 10 लोगों की मौत केवल भुखमरी के कारण हो गई, जिनमें दो छोटे बच्चे भी शामिल थे। इस तरह से भूख के कारण मरने वाले कुल लोगों की संख्या बढ़कर 313 तक पहुंच गई है, और इनमें से 119 बच्चे शामिल हैं। जब से यह संघर्ष 7 अक्टूबर 2023 को शुरू हुआ है, तब से लेकर अब तक कुल मरने वालों का आंकड़ा बढ़कर 73,783 हो गया है और लगभग 174,738 लोग घायल हुए हैं। इसके अलावा, जब से युद्ध विराम लागू हुआ है, तब से अब तक कुल 1,369 लोग शहीद हो चुके हैं, 4,627 लोग घायल हुए हैं और 831 शवों को मलबे से बाहर निकाला जा चुका है।
सैन्य हमलों से तबाह हुए रिहायशी इलाके और शिविर
सेना की तरफ से किए जा रहे हमलों में 12 सितंबर को ड्रोन हमले, तोप से गोलेबारी और समुद्री रास्तों से हमले शामिल रहे, जिन्होंने गाजा के उत्तरी, मध्य और दक्षिणी हिस्सों को बुरी तरह से निशाना बनाया। खान यूनिस के पास अल-मावासी क्षेत्र में हुए एक ड्रोन हमले में नौ फलस्तीनी लोग घायल हो गए और विस्थापित लोगों के रहने वाले तंबू भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। इसके अलावा गाजा सिटी के अल-शाटी शरणार्थी शिविर, नुसीरात और खान यूनिस में कई रिहायशी मकान पूरी तरह से तहस-नहस हो गए हैं। इसराइल की नौसेना ने गाजा सिटी के तट के पास मछली पकड़ने वाली नावों पर भी भारी गोलीबारी की। राहत और बचाव कार्य चलाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है क्योंकि कई पीड़ित मलबे के नीचे दबे हुए हैं और सड़कों पर हालात ऐसे हैं कि एम्बुलेंस गाड़ियां सुरक्षित तरीके से वहां तक नहीं पहुंच पा रही हैं।