GCC Grand Tourist Visa: गल्फ देशों में घूमने के लिए जल्द आएगा शेन्जेन जैसा सिंगल वीज़ा, छह देशों में घूम सकेंगे एक साथ.

गल्फ कोऑपरेशन काउंसिल यानी GCC के सभी छह सदस्य देशों में घूमने के लिए बहुत जल्द एक नया और बड़ा वीज़ा सिस्टम आने वाला है। इस नए सिस्टम के आने से पर्यटकों को हर देश के लिए अलग-अलग वीज़ा लेने की बिल्कुल भी जरूरत नहीं पड़ेगी। यूरोप के शेन्जेन वीज़ा की तर्ज पर बनने वाले इस Grand Tourist Visa को लेकर तैयारियां अब अपने आखिरी दौर में पहुंच चुकी हैं। रियाद में आयोजित सुरक्षा और इतिहास संवाद के दौरान GCC के महासचिव Jasem Mohamed Albudaiwi ने यह पक्की जानकारी दी है कि यह unified वीज़ा बहुत जल्द लागू किया जाएगा।
एक ही परमिट पर घूम सकेंगे छह देश
इस नए वीज़ा के लागू होने के बाद विदेशी पर्यटकों को बार-बार वीज़ा बनवाने की झंझट से पूरी तरह छुटकारा मिल जाएगा। इस सिंगल परमिट की मदद से कोई भी पर्यटक आसानी से UAE, Saudi Arabia, Qatar, Kuwait, Bahrain और Oman की यात्रा कर सकेगा। लोग बिना किसी रुकावट के दुबई, रियाद, दोहा और मस्कट जैसे खूबसूरत शहरों का दीदार एक ही वीज़ा पर कर पाएंगे। हालांकि अभी तक सरकार की तरफ से इस वीज़ा की आधिकारिक लॉन्च की तारीख, फीस कितनी होगी, यह कितने दिनों के लिए वैध रहेगा और इसके लिए आवेदन कैसे करना है, इन बातों को पूरी तरह अंतिम रूप दिया जाना बाकी है। लेकिन इस प्रोजेक्ट पर काम बहुत तेजी से चल रहा है और यह अपने आखिरी तकनीकी और कानूनी चरणों में है।
किन-किन मंत्रियों और अधिकारियों ने दी मंजूरी
इस बड़े प्रोजेक्ट को शुरू करने के लिए गल्फ देशों के कई बड़े मंत्रियों ने पहले ही अपनी सहमति दे दी है। अक्टूबर 2023 में GCC के सभी पर्यटन मंत्रियों ने इस प्रस्ताव का पूरा समर्थन किया था। इसके बाद नवंबर 2023 में आंतरिक मंत्रियों ने भी इस पर अपनी मुहर लगा दी। साल 2025 के जून महीने में UAE के अर्थव्यवस्था मंत्री Abdulla bin Touq Al Marri ने इस वीज़ा के मंजूर होने की पुष्टि की थी और बताया था कि इसे जमीन पर उतारने का काम अब सभी देशों के आंतरिक मंत्रालयों का है। इसके अलावा सऊदी अरब के पर्यटन मंत्री Ahmed Al Khateeb ने साल 2026 को इस योजना को शुरू करने का मुख्य लक्ष्य बताया था।
भारतीय और दक्षिण एशियाई प्रवासियों को होगा बड़ा फायदा
गल्फ देशों में रहने वाले भारतीय और दक्षिण एशियाई प्रवासियों के लिए यह खबर किसी बड़े तोहफे से कम नहीं है। इस सिंगल ऑनलाइन आवेदन की सुविधा से लोगों का समय और पैसा दोनों बचेगा। बार-बार एंबेसी के चक्कर काटने की जरूरत नहीं पड़ेगी और अलग-अलग देशों की वीज़ा फीस भी नहीं भरनी होगी। जो परिवार अपने रिश्तेदारों को गल्फ बुलाना चाहते हैं या जो लोग एक ही छुट्टी में कई देशों घूमना चाहते हैं, उनके लिए यह व्यवस्था बेहद आसान साबित होगी। इस बदलाव से वहां के होटल, खान-पान, रिटेल और आने-जाने के साधनों वाले सेक्टर को भी काफी बढ़ावा मिलेगा, जहां बड़ी संख्या में भारतीय कामगार अपनी सेवाएं देते हैं।
वर्क वीज़ा और स्थानीय नियमों पर नहीं पड़ेगा कोई असर
अधिकारियों ने यह बात बिल्कुल साफ कर दी है कि इस नए टूरिस्ट वीज़ा का असर वहां के कामकाज पर बिल्कुल नहीं पड़ेगा। इससे वहां के मौजूदा वर्क वीज़ा, परिवार को रखने के लिए सैलरी की शर्तें और स्थानीय कानून जैसे Omanisation, Nitaqat और Emiratisation पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा। रेजिडेंट इकामा और अमीरात आईडी के नियम पहले की तरह अलग और सुरक्षित रहेंगे। सभी सीमाओं पर सुरक्षा जांच का नियम वैसे ही कड़ाई से लागू रहेगा, भले ही कागजी कार्रवाई एक जैसी हो जाए। इस बारे में अधिक जानकारी आप Khaleej Times और Zawya की रिपोर्ट्स में पढ़ सकते हैं।