Iran News: ईरान ने कनाडा को दी कड़ी चेतावनी, अमेरिका के दबाव में आकर रणनीतिक भ्रम फैलाने का लगाया आरोप.

ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmaeil Baghaei ने 8 सितंबर 2026 को कनाडा पर बहुत तीखा हमला बोला है। उन्होंने कनाडा पर आरोप लगाया कि वह अमेरिका के दबाव में काम कर रहा है और देश में रणनीतिक भ्रम तथा आत्मसमर्पण की स्थिति पैदा कर रहा है। ईरान के इस प्रवक्ता का यह बयान तब आया जब 7 सितंबर 2026 को कनाडा की विदेश मंत्री Anita Anand और वित्त मंत्री François-Philippe Champagne ने एक संयुक्त बयान जारी किया था। इस संयुक्त बयान में ईरान पर मध्य पूर्व में अस्थिरता फैलाने वाली गतिविधियों का खुलकर विरोध किया गया था और कड़े शब्दों में निंदा की गई थी।
कनाडा के इन दोनों मंत्रियों ने अपने संयुक्त संबोधन में मांग की थी कि ईरान तुरंत अपनी इन हरकतों को बंद करे और क्षेत्रीय मामलों में दखल देना बंद करे। उन्होंने इस बात को भी दोहराया कि कनाडा तेहरान पर लगातार कड़ा दबाव बनाए रखेगा। कनाडाई मंत्रियों ने अपने जी-7 देशों के साथियों के साथ मिलकर काम करने की बात कही और साथ ही अमेरिका, फ्रांस और ब्रिटेन की उन कोशिशों का समर्थन किया जिनके जरिए होर्मुज जलडमरूमध्य यानी Strait of Hormuz को फिर से खोलने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने यह भी साफ किया कि कनाडा अमेरिका के नेतृत्व वाले अभियान Operation Economic Outcast के तहत लगाए गए प्रतिबंधों का आगे भी पूरी सख्ती से पालन करता रहेगा।
ईरान ने कनाडा के दावों को नकारा
ईरान के प्रवक्ता Baghaei ने कनाडा के इन सभी मंत्रियों के विचारों को पूरी तरह से खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि ओटावा यानी कनाडा सरकार यह दावा बिल्कुल नहीं कर सकती कि वह दुनिया में शांति, सुरक्षा, नौवहन की स्वतंत्रता या अंतरराष्ट्रीय कानून का सम्मान करती है, जबकि वह खुद अमेरिका की सैन्य आक्रामकता और गलत दखलअंदाजी का समर्थन कर रही है। ईरानी प्रवक्ता का यह भी कहना था कि होर्मुज जलडमरूमध्य पूरी तरह से सुरक्षित और खुला हुआ था, लेकिन 28 फरवरी 2026 को ईरान पर एक हमला हुआ जिसे उन्होंने "USrael" हमला बताया। उन्होंने कनाडा के इस रुख को एक जिम्मेदार सरकार चलाने में पूरी तरह से असफलता करार दिया।
अन्य देशों को भी दी गई चेतावनी
इस बयान के दौरान ईरान ने दक्षिण कोरिया समेत दुनिया के अन्य देशों को भी औपचारिक चेतावनी जारी की। ईरान ने साफ कहा कि अगर कोई भी देश अमेरिका के ईरान विरोधी अभियान में शामिल होता है, तो इसके गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। यह पूरा कूटनीतिक तनाव साल 2026 के दौरान चल रहे ईरान युद्ध और समुद्री रास्तों की सुरक्षा को लेकर बनी चिंताओं के बीच बढ़ रहा है। आपको बता दें कि कनाडा ने साल 2010 से ही ईरान पर अपने खुद के प्रतिबंध लगा रखे हैं और साल 2012 में ही ईरान के साथ अपने सभी तरह के कूटनीतिक रिश्ते पूरी तरह से तोड़ लिए थे। इसके अलावा, कनाडा ने अगस्त 2026 के बीच में अपने प्रतिबंधों की सूची को और बड़ा कर दिया था, जिसमें पांच और ईरानी अधिकारियों के नाम जोड़े गए थे। कनाडा का आरोप है कि इन अधिकारियों ने होर्मुज जलडमरूमध्य में आने-जाने के अधिकारों में बाधा डाली है। दूसरी तरफ, इन सभी तनावों के बीच खबरें सामने आ रही हैं कि ईरान इस समय ओमान देश के साथ होर्मुज जलडमरूमध्य की सुरक्षा को लेकर बहुत जरूरी बातचीत कर रहा है।