Iran ने अमेरिका पर लगाए वार क्राइम के आरोप, सीरिक में शादी समारोह पर हुए हमले में कई लोगों की हुई मौत.

Nura Basta2 September 20263 min read37 viewsWorld
Iran ने अमेरिका पर लगाए वार क्राइम के आरोप, सीरिक में शादी समारोह पर हुए हमले में कई लोगों की हुई मौत.

2 सितंबर 2026 को ईरान सरकार ने औपचारिक रूप से अमेरिका पर युद्ध अपराध यानी वार क्राइम करने का गंभीर आरोप लगाया है। यह मामला Hormozgan province के Kuhestak क्षेत्र में आने वाले Sirik इलाके का है, जहाँ एक शादी की पार्टी के दौरान भारी एयरस्ट्राइक की गई। इस जानलेवा हमले में कम से कम पांच नागरिकों की मौत हुई है, जिनमें एक बच्चा भी शामिल है। यह हमला 1 सितंबर की रात और 2 सितंबर की सुबह के बीच हुआ, जो तीन रातों के भीतर हुआ दूसरा बड़ा अमेरिकी हमला था। इस घटना में 50 से 70 से अधिक लोग घायल हुए हैं, जिसके बाद से पूरे इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है और लोग दहशत में हैं।

अंतरराष्ट्रीय मंचों पर न्याय की गुहार और तीखी प्रतिक्रियाएं

इस भयानक त्रासदी के जवाब में ईरानी रेड क्रेसेंट ने International Criminal Court से अमेरिका के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू करने की अपील की है। इसके अलावा, ईरानी विदेश मंत्रालय ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद और महासचिव Antonio Guterres से दखल देने की मांग की है। ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmail Baghaei ने इस बमबारी को सोच-समझकर किया गया हिंसा का कृत्य बताया है। वहीं, देश के सर्वोच्च नेता Mojtaba Khamenei ने चेतावनी दी है कि अमेरिका को इसके बहुत बुरे नतीजे भुगतने होंगे। संसद के स्पीकर Mohammad Bagher Ghalibaf और समिति के अध्यक्ष Ebrahim Azizi सहित कई बड़े अधिकारियों ने इस कार्रवाई की कड़ी निंदा की है और साफ कहा है कि इन अपराधों को बख्शा नहीं जाएगा।

GulfHindi की हर खबर सबसे पहलेJoin

अमेरिकी सेना का पक्ष और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का बयान

उधर, U.S. Central Command ने इस बात की पुष्टि की है कि उन्होंने Islamic Revolutionary Guard Corps (IRGC) के ठिकानों को निशाना बनाकर हमले किए थे, लेकिन उन्होंने आम नागरिकों को नुकसान पहुंचाने से साफ इनकार किया है। अमेरिकी नौसेना के प्रवक्ता Navy Cmdr. Tim Hawkins ने कहा कि सेना ईरानी मीडिया में आई खबरों की जांच कर रही है, लेकिन उन्होंने जोर देकर कहा कि अमेरिकी सेना कभी भी नागरिकों को निशाना नहीं बनाती है, जबकि IRGC का तरीका अलग है। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने भविष्य में किसी भी शांति समझौते की उम्मीद को खारिज करते हुए कहा कि ऐसे समझौते उस कागज की कीमत के भी बराबर नहीं हैं जिस पर वे लिखे जाते हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि ईरान की तरफ से कोई भी जवाबी कार्रवाई की गई, तो उसका जवाब और भी ज्यादा कड़ाई से दिया जाएगा।

फारस की खाड़ी के देशों पर असर और क्षेत्रीय तनाव

यह क्षेत्रीय तनाव जून 2026 के मध्य में उस समय भड़का जब Strait of Hormuz में ईरानी नौसेना की गतिविधियों के कारण हुआ संघर्ष-विराम समझौता टूट गया। सीरिक में हुए हमले के तुरंत बाद, ईरान ने Jordan, Kuwait, UAE, Bahrain और Iraq में अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाते हुए मिसाइलें और ड्रोन दागे। इस समय Shanghai Cooperation Organisation सम्मेलन में मौजूद राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने कहा है कि यदि अमेरिका सहयोग करता है तो वे अंतरिम समझौते पर लौटने के लिए तैयार हैं। हालांकि, सैन्य प्रवक्ता Ebrahim Zolfaghari का यह भी कहना है कि जब तक अमेरिका में नई सरकार नहीं आती, तब तक यह संघर्ष ऐसे ही जारी रह सकता है। इस बढ़ते तनाव का असर खाड़ी देशों में रह रहे लोगों और कामगारों की सुरक्षा पर भी पड़ रहा है, जिससे हर कोई चिंतित है।

Share:

Comments

Leave a comment