Iran Medicine Crisis: ईरान में दवाओं की भारी किल्लत, आसमान छू रहे दाम और प्रतिबंधों से आम जनता परेशान.

Praggya Singh sabal9 September 20262 min read31 viewsWorld
Iran Medicine Crisis: ईरान में दवाओं की भारी किल्लत, आसमान छू रहे दाम और प्रतिबंधों से आम जनता परेशान.

ईरान में इस समय दवाओं की भारी कमी देखने को मिल रही है और आम जनता को जरूरी दवाएं खरीदने में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। अमेरिका के नेतृत्व में चल रहे सैन्य दबाव, अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंधों और नौसैनिक नाकेबंदी की वजह से देश की स्वास्थ्य आपूर्ति चेन बुरी तरह प्रभावित हुई है। हालांकि ईरानी अधिकारियों का कहना है कि उनका फार्मास्युटिकल सेक्टर मजबूत बना हुआ है, लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि बढ़ते दामों और पुरानी दवाओं की किल्लत के कारण मरीजों को अपना इलाज बीच में ही छोड़ना पड़ रहा है।

दामों में बेतहाशा बढ़ोतरी और सप्लाई चेन पर असर

हम-मीहान की बाजार विश्लेषण रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले एक साल में एमोक्सिसिलिन (Amoxicillin) के एक मानक पैकेज की कीमत 320,000 टोमन से बढ़कर 1.23 मिलियन टोमन तक पहुंच गई है। यह स्थिति फरवरी 2026 में शुरू हुए बड़े भू-राजनीतिक संघर्ष के बाद और ज्यादा खराब हो गई, जिसकी वजह से होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से शिपिंग में 90% और एयर कार्गो क्षमता में 79% की भारी गिरावट आई। इन भुगतान और व्यापारिक बाधाओं के चलते भारतीय फार्मा निर्यातक भी ईरानी बाजार से दूरी बना रहे हैं। इन तमाम मुश्किलों के बीच तेहरान में 8वीं फार्मेक्स अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनी (Pharmex international exhibition) का आयोजन किया गया, जिसमें 547 नॉलेज-आधारित कंपनियों और 75 विदेशी कंपनियों ने हिस्सा लिया। इस दौरान स्वास्थ्य मंत्री मोहम्मद-रेजा जफरगांडी (Mohammad-Reza Zafarqandi) ने कहा कि चिकित्सा उत्पादन में आत्मनिर्भरता सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता है।

अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंध और सरकारी कदम

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर दबाव तब और बढ़ गया जब अमेरिकी ट्रेजरी विभाग (U.S. Treasury Department) ने 9 सितंबर 2026 को ऊर्जा, बैंकिंग, शिपिंग और विमानन क्षेत्रों से जुड़े 30 से अधिक संस्थाओं और एक व्यक्ति पर नए प्रतिबंध लगा दिए। अमेरिकी विदेशी संपत्ती नियंत्रण कार्यालय (OFAC) ने ईरान से जुड़े लेनदेन के नियमों को निलंबित करने को लेकर एक नोटिस भी जारी किया है, जिसकी जानकारी OFAC Treasury Sanctions पर उपलब्ध है। इसके साथ ही ब्रिटिश सरकार ने भी 8 सितंबर 2026 को अपने प्रतिबंधों का दायरा बढ़ाने का ऐलान किया, जिसके तहत ईरान से जुड़े जहाजों को निशाना बनाने और ईरानी विमानों के ब्रिटेन में उतरने पर रोक लगाने के नए अधिकार दिए गए हैं। इस आदेश से जुड़ी विस्तृत जानकारी UK Government Statement पर देखी जा सकती है। देश के भीतर अर्थव्यवस्था मंत्री अली मदानिज़ादेह (Ali Madanizadeh) ने महंगाई के असर को स्वीकार करते हुए निम्न-आय वाले परिवारों के लिए इलेक्ट्रॉनिक कूपन यानी काला-बर्ग (Kala-barg) की राशि बढ़ाने की योजना की घोषणा की है। इसके बावजूद मरीजों को अपनी जेब से कुल चिकित्सा खर्च का 70% से अधिक भुगतान करना पड़ रहा है, जो सरकार के 30% के लक्ष्य से कहीं ज्यादा है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने भी चेतावनी दी है कि इन बाधाओं से वैश्विक मानवीय आपूर्ति श्रृंखला खतरे में पड़ रही है और वर्ष 2026 के संघर्ष के दौरान ईरानी स्वास्थ्य सुविधाओं पर 13 बार हमले होने की पुष्टि हुई है।

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