IRGC ने LPG कैरियर पर किया हमला, अमेरिका पर लगाया तनाव बढ़ाने का आरोप
ईरान की IRGC ने 'NV Sunshine' जहाज पर हमला कर अमेरिका पर समुद्री तनाव बढ़ाने का आरोप लगाया है। जानिए क्या है पूरा मामला।

हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने वियतनाम के झंडे वाले एक LPG कैरियर जहाज 'NV Sunshine' पर हमला किया है। इस हमले के बाद IRGC ने सीधे तौर पर अमेरिकी सेना को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा है कि अमेरिका ही इस क्षेत्र में समुद्री अस्थिरता पैदा कर रहा है।
घटना 9 अक्टूबर, 2026 की है, जब IRGC ने दावा किया कि 'NV Sunshine' जहाज ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य के माध्यम से एक 'अवैध दक्षिणी मार्ग' अपनाने की कोशिश की। इसी वजह से इस 54,975-dwt क्षमता वाले जहाज, जिसका स्वामित्व Nhat Viet Transportation Corp के पास है, को निशाना बनाया गया। हमले के बाद जहाज के इंजन रूम और प्रोपल्शन सिस्टम में भीषण आग लग गई।
अमेरिका पर गंभीर आरोप और सख्त चेतावनी
IRGC ने अमेरिका पर आरोप लगाया है कि वह शिपिंग कंपनियों और बीमा फर्मों को गुमराह कर रहा है और क्षेत्रीय परिवहन में बाधा डालने के लिए रिश्वत दे रहा है। ईरान ने स्पष्ट किया है कि हॉर्मुज जलडमरूमध्य पर उसका नियंत्रण सर्वोच्च नेता अयातुल्ला सैयद मुजतबा होसैनी खमेनी के आदेशानुसार है। IRGC ने चेतावनी दी है कि जो भी जहाज अनधिकृत रास्तों का इस्तेमाल करेगा, उसे पूरे क्षेत्र में खोज निकाला जाएगा और कड़ी सजा दी जाएगी।
यह तनाव तब बढ़ा जब 1 अक्टूबर, 2026 को अमेरिका ने USS थियोडोर रूजवेल्ट कैरियर स्ट्राइक ग्रुप और USS मैकेन आइलैंड एम्फिबियस रेडीनेस ग्रुप को मध्य पूर्व की ओर रवाना किया, जिसमें लगभग 7,000 नाविक और 2,000 मरीन शामिल हैं।
इस बढ़ते संघर्ष का असर वैश्विक व्यापार पर भी दिख रहा है। रॉयटर्स के आंकड़ों के अनुसार, 28 सितंबर से 5 अक्टूबर के बीच टैंकरों पर कम से कम 12 हमले या उत्पीड़न की घटनाएं हुई हैं, जो इस संघर्ष की शुरुआत के बाद से सबसे अधिक हैं। इसका नतीजा यह हुआ कि इस जलमार्ग से कच्चे तेल का प्रवाह जुलाई के बाद अपने सबसे निचले स्तर पर पहुंच गया है। सुरक्षा की बिगड़ती स्थिति को देखते हुए UKMTO ऑपरेशंस सेंटर ने भी चेतावनी जारी की है।