इसराइल के गाजा पर हमले जारी, ब्रिटेन ने अवैध बस्तियों को लेकर की बड़ी कार्रवाई.

Sushma Kumari8 September 20263 min read18 viewsWorld
इसराइल के गाजा पर हमले जारी, ब्रिटेन ने अवैध बस्तियों को लेकर की बड़ी कार्रवाई.

मध्य और दक्षिण गाजा में 8 सितंबर 2026 को इसराइली सेना ने कई बड़े हमले किए, जिससे चारों तरफ भारी तबाही मच गई और कई बेकसूर लोगों की जान चली गई। इस सैन्य कार्रवाई के दौरान खान यूनिस, नुसीरात शरणार्थी शिविर और गाजा सिटी में भारी तोपखाने से गोलाबारी के साथ-साथ ड्रोन से भी हमले किए गए। इसराइली सैन्य वाहन दीर अल-बलाह के पूर्व में येलो लाइन के पश्चिम की ओर आगे बढ़े, जिससे वहां का माहौल और ज्यादा तनावपूर्ण हो गया। इन हालिया हमलों में खान यूनिस में एक 69 वर्षीय बुजुर्ग की मौत की खबर सामने आई, इसके अलावा नुसीरात और नासिर तथा अल-शिफा अस्पतालों के पास भी कई लोगों के हताहत होने की सूचना मिली है।

गाजा में स्वास्थ्य सेवाओं की बदतर हालत

गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय की तरफ से दी गई जानकारी के मुताबिक, पिछले 24 घंटों के भीतर अस्पतालों में चार शव और पांच घायल लोग पहुंचे हैं। मंत्रालय के आंकड़ों से पता चलता है कि जब से 11 अक्टूबर 2025 को युद्धविराम शुरू हुआ था, तब से लेकर अब तक लगभग 1,352 से 1,355 फिलिस्तीनी मारे जा चुके हैं और 4,511 से 4,516 लोग घायल हुए हैं। सिर्फ जान जाने का ही संकट नहीं है, बल्कि स्वास्थ्य अधिकारियों ने एक बहुत बड़े स्वास्थ्य संकट की ओर भी इशारा किया है। उनके अनुसार, संघर्ष के दौरान लगभग 5,000 लोगों के अंग-भंग यानी एम्प्यूटेशन हो चुके हैं और करीब 10,000 मरीजों को लंबे समय तक गहन चिकित्सा और देखभाल की सख्त जरूरत है।

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ब्रिटेन का बड़ा नीतिगत बदलाव और बयान

इस बीच, नीतिगत मोर्चे पर एक बहुत बड़ा बदलाव देखने को मिला जब ब्रिटेन के विदेश सचिव Ed Miliband ने 8 सितंबर को एक मौखिक बयान जारी किया। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि ब्रिटेन की सरकार इसराइली कब्जे को गैरकानूनी मानती है। ब्रिटेन ने घोषणा की कि वह कब्जे वाले पश्चिमी तट की अवैध बस्तियों से आने वाले सामानों पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाएगा और बस्तियों के निर्माण से जुड़ी कंपनियों पर कड़े प्रतिबंध भी थोपेगा। इस संबंध में अधिक जानकारी ब्रिटेन सरकार के आधिकारिक पोर्टल UK Government Official Website पर देखी जा सकती है। अपने बयान में एड मिलिबैंड ने यह भी बताया कि जब से यह संघर्ष शुरू हुआ है, तब से लेकर अब तक कुल मिलाकर 70,000 से ज्यादा लोग मारे जा चुके हैं, जिनमें लगभग 20,000 बच्चे भी शामिल हैं।

यूरोपीय देशों का समर्थन और महिलाओं पर असर

फिलिस्तीनी प्रेसीडेंसी ने फ्रांस, ब्रिटेन, कनाडा और नौ अन्य यूरोपीय देशों के उस संयुक्त बयान का आधिकारिक रूप से स्वागत किया है, जिसमें दो-राष्ट्र समाधान का समर्थन किया गया है और बस्तियों के विस्तार को पूरी तरह से खारिज किया गया है। इसी समय, UN Women की एक नई रिपोर्ट में इस संघर्ष के सामाजिक प्रभाव को उजागर किया गया है। रिपोर्ट से यह बात सामने आई है कि गाजा में अब लगभग हर चार में से एक परिवार की मुखिया महिला बन चुकी है। अक्टूबर 2023 के बाद से आबादी के बीच मरने वालों की संख्या बढ़ने के कारण यह आंकड़ा दोगुना हो गया है।

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