Kuwait New Drone Law: कुवैत में ड्रोन और एयर स्पोर्ट्स के लिए सख्त नियम लागू, बिना परमिशन उड़ाई तो होगी जेल.

कुवैत सरकार ने देश की सुरक्षा और हवाई क्षेत्र को सुरक्षित रखने के लिए एक नया और सख्त कानून लागू किया है। इस नए कानून को Decree-Law No. 89 of 2026 नाम दिया गया है, जिसे आधिकारिक गजट 'Kuwait Al-Youm' के अंक संख्या 1808 में प्रकाशित किया गया है। इस नए नियम के आने से अब देश में बिना अनुमति के किसी भी तरह के ड्रोन, हल्के विमान या एयर स्पोर्ट्स से जुड़ी गतिविधियों को चलाना पूरी तरह से अवैध माना जाएगा। सरकार का यह कदम लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है ताकि कोई भी अनधिकृत गतिविधि देश की सुरक्षा के लिए खतरा न बने।
नये नियमों के तहत अब किसी भी ऑपरेटर को हवा में ड्रोन या इस तरह के अन्य विमान उड़ाने से पहले Ministry of Interior यानी गृह मंत्रालय से पूर्व अनुमति लेनी होगी। इसके अलावा, विमान मालिकों को अपने यूनिट्स का रजिस्ट्रेशन Directorate General of Civil Aviation (DGCA) के पास कराना होगा और एयरवर्थनेस सर्टिफिकेट भी हासिल करना जरूरी होगा। जो लोग इसे उड़ाना चाहते हैं, उन पायलटों और ऑपरेटरों को भी डीजीसीए से लाइसेंस लेना होगा, जो तभी मिलेगा जब गृह मंत्रालय से क्लीयरेंस मिल जाएगी। इस कानून के दायरे में केवल उड़ाना ही नहीं, बल्कि इनका आयात करना, निर्माण करना, असेंबल करना, बेचना, किराए पर देना और प्रोग्रामिंग करना भी शामिल है, जिसके लिए अब कमर्शियल परमिट और सुरक्षा मंजूरी लेनी होगी।
कुवैत में ड्रोन उड़ाने के लिए सख्त पाबंदियां और नियम
कुवैत में लागू हुए इस नए कानून के तहत कई जगहों पर ड्रोन उड़ाने पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। अब कोई भी व्यक्ति एयरपोर्ट जोन के आसपास, प्रतिबंधित क्षेत्रों के ऊपर, रात के समय या खराब मौसम में ड्रोन नहीं उड़ा सकता है, जब तक कि इसके लिए कोई विशेष अनुमति न ली गई हो। इसके अलावा, इन विमानों का इस्तेमाल किसी व्यक्ति, निजी संपत्ति या खास सार्वजनिक स्थलों की तस्वीर लेने या वीडियो रिकॉर्डिंग करने के लिए करने पर भी रोक लगाई गई है। इस बारे में कार्यकारी नियमों में और भी डिटेल तय की जाएगी।
देश की सुरक्षा और सार्वजनिक व्यवस्था को बनाए रखने के लिए सुरक्षा और सैन्य बलों को पूरी छूट दी गई है। यदि कोई भी विमान देश की सुरक्षा या पब्लिक सेफ्टी के लिए खतरा बनता है, तो सुरक्षा बल उसे डिटेक्ट करके रास्ते में ही रोक सकते हैं, उसे निष्क्रिय कर सकते हैं या फिर नष्ट भी कर सकते हैं। इस कानून में यह भी साफ किया गया है कि इन सुरक्षा कार्यों को करते समय यदि कोई नुकसान होता है, तो सुरक्षा कर्मियों और संबंधित अधिकारियों पर किसी भी तरह की कानूनी या सिविल देनदारी नहीं बनेगी।
नियम तोड़ने पर होगी जेल और भारी जुर्माना
इस कानून को सख्ती से लागू करने की जिम्मेदारी DGCA को सौंपी गई है, जो सुरक्षा मानक तय करने, विमानों का वर्गीकरण करने, ऊंचाई की सीमा तय करने और जांच के प्रोटोकॉल तैयार करने का काम करेगा। नियमों का उल्लंघन करने पर अपराध की गंभीरता के हिसाब से सजा तय की गई है। छोटे-मोटे मामलों में 6 महीने तक की जेल और 300 से 700 केडी तक का जुर्माना हो सकता है। बिना अनुमति के उड़ान भरने पर 2 साल तक की कैद और 1,000 से 2,000 केडी तक का जुर्माना लग सकता है।
वहीँ प्रतिबंधित क्षेत्रों में ड्रोन उड़ाना, अवैध रूप से निर्माण करना या यात्री सीमा का उल्लंघन करने जैसे गंभीर मामलों में 3 साल तक की जेल और 3,000 से 5,000 केडी तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। अगर किसी उल्लंघन की वजह से कोई दुर्घटना होती है, तो सजा को दोगुना भी किया जा सकता है। इसके अलावा, अदालतों के पास यह अधिकार सुरक्षित रखा गया है कि वे बार-बार नियम तोड़ने वालों के लाइसेंस को निलंबित या रद्द कर सकती हैं या फिर उनकी सजा को और बढ़ा सकती हैं।