नेपाल में बड़ा बदलाव, फ्लाइट लेट या रद्द होने पर अब मिलेगा तगड़ा मुआवजा.

नेपाल में हवाई सफर करने वाले यात्रियों के लिए एक बहुत बड़ी खबर सामने आई है। अब देश के भीतर यात्रा करने वाले लोगों को फ्लाइट रद्द होने, उड़ान में देरी होने या फिर सामान खो जाने की स्थिति में एयरलाइंस कंपनियों से कानूनी तौर पर मुआवजा मिलने का रास्ता साफ होने जा रहा है। सरकार इस पूरी व्यवस्था को सख्त कानूनी दायरे में लाने की तैयारी पूरी कर चुकी है ताकि आम यात्रियों के अधिकारों की पूरी सुरक्षा की जा सके और उन्हें किसी भी परेशानी के वक्त आर्थिक मदद मिल सके।
घरेलू वायुसेवा की देयता विधेयक पर चर्चा
नेपाल के संस्कृति, पर्यटन एवं नागरिक उड्डयन मंत्री खड़क राज पौडेल ने मंगलवार को सिंहदरबार में राष्ट्रीय सभा की विधायी प्रबंधन समिति की बैठक में हिस्सा लिया। इस बैठक के दौरान ‘घरेलू वायुसेवा की देयता विधेयक, 2083’ पर सैद्धांतिक चर्चा की गई। मंत्री ने सदन को बताया कि इस नए विधेयक के माध्यम से घरेलू विमान कंपनियों की कानूनी जिम्मेदारी तय की जाएगी। साथ ही यात्रियों के अधिकारों और मुआवजे से जुड़े सभी जरूरी प्रावधानों को कानून का हिस्सा बनाया जाएगा ताकि कोई भी एयरलाइंस कंपनी यात्रियों को परेशान न कर सके।
बीमा की राशि बढ़ाने का प्रस्ताव
सरकार की तरफ से एक और बड़ा कदम उठाया जा रहा है जिसके तहत मौजूदा करीब 20 हजार अमेरिकी डॉलर की बीमा देयता को बढ़ाकर एक लाख अमेरिकी डॉलर करने का प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। सरकार का यह कदम अंतरराष्ट्रीय मानकों के बिल्कुल अनुरूप है। हालांकि, मंत्री ने यह भी साफ कर दिया है कि बीमा कवरेज बढ़ने की वजह से भविष्य में हवाई किराए में कुछ मामूली बढ़ोतरी हो सकती है, जिसके लिए यात्रियों को पहले से ही मानसिक रूप से तैयार रहना होगा।
विमान के यात्री न होने पर भी मिलेगा मुआवजा
इस नए कानून की सबसे खास बात यह है कि पहली बार ऐसे लोगों के लिए भी कानूनी रूप से मुआवजे का मजबूत आधार तैयार किया जा रहा है जो सीधे तौर पर विमान के यात्री नहीं हैं। यदि भविष्य में कभी किसी विमान दुर्घटना के दौरान जमीन पर या किसी के घर के अंदर मौजूद किसी आम नागरिक की मौत हो जाती है या फिर उसकी संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचता है, तो ऐसी गंभीर स्थिति में भी प्रभावित लोगों या उनके परिवारों के लिए मुआवजे की पूरी व्यवस्था की जाएगी।
नियामक और सेवा प्रदाता की भूमिका होगी अलग
सरकार हवाई यात्रा को और अधिक पारदर्शी बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। मंत्री ने जानकारी दी कि विमानन क्षेत्र में नियामक और सेवा प्रदाता की भूमिका को पूरी तरह से अलग किया जाएगा। इसके अलावा हवाई अड्डे के संचालन से जुड़े सभी महत्वपूर्ण मुद्दों को नेपाल नागरिक उड्डयन प्राधिकरण से संबंधित एक अलग विधेयक के माध्यम से हल किया जाएगा, जिससे देश की विमानन व्यवस्था में सुधार आ सके। इस संबंध में अधिक जानकारी आप हिन्दुस्थान समाचार की वेबसाइट पर देख सकते हैं।