Oman का बड़ा ऐलान, कृषि और मत्स्य पालन के लिए 10,000 बांग्लादेशी वर्कर होंगे भर्ती.

ओमान सरकार ने बांग्लादेश से 10,000 नए श्रमिकों की भर्ती करने का औपचारिक रूप से समझौता किया है। इस नई डील के तहत 5,000 कृषि श्रमिकों और 5,000 मत्स्य पालन यानी फिशरीज सेक्टर के कामगारों को ओमान बुलाया जाएगा। दोनों देशों के बीच यह महत्वपूर्ण समझौता ढाका में हुई एक उच्च स्तरीय बैठक के दौरान तय हुआ, जिसकी आधिकारिक पुष्टि बांग्लादेश के विदेश मामलों के राज्य मंत्री शमा ओबैद इस्लाम ने की। इस बैठक में ओमान के शाही परिवार के सदस्य अल सैयद मोहम्मद सलीम अली अल सईद भी शामिल थे, जिन्होंने दोनों देशों के बीच श्रम संबंधों को मजबूत करने पर अपनी बात रखी।
लेबर मार्केट में आया बड़ा बदलाव
ओमान और बांग्लादेश के बीच हुआ यह समझौता लेबर मार्केट के लिहाज से बहुत बड़ा बदलाव माना जा रहा है। साल 2024 में ओमान सरकार ने अपनी नीतियों में बदलाव करते हुए बांग्लादेशी नागरिकों के नए वर्क वीज़ा पर एक तरह से रोक लगा दी थी। इस पाबंदी से पहले साल 2023 में ओमान आने वाले बांग्लादेशी कामगारों की संख्या 125,000 से ज्यादा थी। पुरानी पाबंदियों के कारण वीज़ा प्रक्रिया काफी धीमी हो गई थी और ढाका सरकार लगातार इसे पूरी तरह बहाल करने की कोशिश कर रही थी। हालांकि कृषि और मछली पालन के क्षेत्र में यह नया समझौता दोनों देशों के बीच रोजगार के रास्ते खोलने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित हुआ है।
ओमान का सरकारी प्रतिनिधिमंडल करेगा दौरा
इस समझौते को जमीन पर उतारने के लिए ओमान सरकार का एक विशेष प्रतिनिधिमंडल अगले महीने बांग्लादेश की राजधानी ढाका का दौरा करेगा। यह प्रतिनिधिमंडल बांग्लादेश के प्रवासी कल्याण और विदेशी रोजगार मंत्रालय के अधिकारियों के साथ मिलकर पूरी प्रक्रिया को अमलीजामा पहनाएगा। वे दोनों देशों के बीच कामगारों के आने-जाने, वीज़ा कोटा, और मेडिकल जांच से जुड़े नियमों पर आपसी बातचीत करेंगे। राज्य मंत्री शमा ओबैद इस्लाम ने साफ किया कि सरकार पुरानी व्यवस्था को पूरी तरह से बहाल करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है ताकि अन्य क्षेत्रों में भी कामगारों के लिए रास्ते खुल सकें।
ओमान में प्रवासियों की स्थिति और रेमिटेंस
वर्तमान समय में ओमान के भीतर 600,000 से ज्यादा बांग्लादेशी प्रवासी अलग-अलग सेक्टरों में काम कर रहे हैं। इन प्रवासियों द्वारा भेजी जाने वाली कमाई यानी रेमिटेंस से बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था को बड़ा सहारा मिलता है। वित्तीय वर्ष 2025 के दौरान ओमान में रह रहे इन कामगारों ने कुल 1.63 बिलियन डॉलर की रकम अपने देश भेजी थी। ओमान में बड़ी संख्या में विदेशी कामगार रहते हैं और यह नया कोटा लागू होने के बाद इस संख्या में और अधिक बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। भारत और अन्य एशियाई देशों के प्रवासी भी बड़ी संख्या में ओमान के लेबर मार्केट का हिस्सा हैं, इसलिए इस तरह के बदलाव क्षेत्रीय श्रम बाजार को काफी हद तक प्रभावित करते हैं।
आयु सीमा से जुड़े नियमों में राहत
नौकरी की तलाश कर रहे लोगों के लिए एक और राहत भरी खबर सामने आई है। ओमान सरकार ने हाल ही में 60 वर्ष और उससे अधिक आयु के लोगों के लिए वर्क वीज़ा पर लगी रोक को हटा दिया है। इस नीतिगत बदलाव का सीधा फायदा अनुभवी कृषि और समुद्री कामगारों को मिलेगा जो उम्रदराज होने के बावजूद अपने काम में माहिर हैं। जो लोग इन नए सेक्टरों में नौकरी पाना चाहते हैं, उन्हें सलाह दी जाती है कि वे वीज़ा कोटे, मेडिकल जांच, और रिक्रूटमेंट एजेंसियों से जुड़े नए नियमों पर लगातार नजर बनाए रखें ताकि उन्हें आवेदन करने में किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।