सऊदी अरब और फ्रांस का बड़ा कदम, यमन के ताइज़ में पानी और शहरी विकास के लिए शुरू किए प्रोजेक्ट.

सऊदी अरब और फ्रांस ने मिलकर यमन के ताइज़ शहर में शहरी बुनियादी ढांचे को बेहतर बनाने के लिए एक बड़े अभियान की शुरुआत की है। इस साझा पहल का मकसद युद्ध और संघर्ष से प्रभावित इलाकों में रहने वाले आम लोगों की जिंदगी को आसान बनाना और वहां बुनियादी सुविधाएं पहुंचाना है। 9 सितंबर 2026 को सऊदी विकास और पुनर्निर्माण कार्यक्रम यानी SDRPY ने फ्रांसीसी अधिकारियों के साथ मिलकर इस प्रोजेक्ट का आधिकारिक ऐलान किया। इस पूरी योजना पर कुल 7.4 मिलियन सऊदी रियाल खर्च किए जा रहे हैं, जिसके तहत दो अलग-अलग प्रोजेक्ट एक साथ शुरू किए गए हैं।
यमन में हालात को सुधारने के लिए अंतरराष्ट्रीय संसाधनों का इस्तेमाल किया जा रहा है ताकि वहां के स्थानीय लोगों को राहत मिल सके। SDRPY ने सिला फाउंडेशन फॉर डेवलपमेंट के साथ मिलकर क्षेत्रीय जल प्रणालियों को बेहतर बनाने के लिए 3.5 मिलियन सऊदी रियाल के बजट से एक खास प्रोजेक्ट शुरू किया है। इसके साथ ही, फ्रांस के यूरोप और विदेश मामलों के मंत्रालय के संकट और सहायता केंद्र ने भी एक अलग प्रोजेक्ट की शुरुआत की है, जिसका मुख्य उद्देश्य इलाके में पानी और स्वच्छता सेवाओं की कार्यक्षमता और स्थिरता को बढ़ाना है। इन सभी पहलों की पूरी जानकारी Saudi Press Agency (SPA) की आधिकारिक वेबसाइट पर दी गई है।
जलवायु परिवर्तन से मुकाबला और पानी की बर्बादी रोकना
इन मिले-जुले प्रयासों का मुख्य उद्देश्य शहरी बुनियादी ढांचे को जलवायु परिवर्तन के बुरे प्रभावों से बचाना और मजबूत बनाना है। इस योजना के तहत स्थानीय जल और स्वच्छता निगम की संस्थागत और तकनीकी क्षमताओं को मजबूत करने पर पूरा ध्यान दिया जाएगा। इसके अलावा, बेहतर संपत्ति प्रबंधन प्रणालियों को विकसित करना, कामकाज और रखरखाव की प्रक्रियाओं को सुधारना तथा पानी की कुल बर्बादी को कम करना भी इन कामों में शामिल है।
लाखों लोगों को मिलेगा सीधा फायदा
अधिकारियों के मुताबिक, इन संयुक्त परियोजनाओं से 139,000 से अधिक लोगों को सीधा फायदा मिलने की उम्मीद है। इसके अलावा, करीब 242,000 लोग ऐसे होंगे जिन्हें इस योजना का अप्रत्यक्ष लाभ पहुंचेगा। यमन के विभिन्न गवर्नरटरों में SDRPY द्वारा पानी के क्षेत्र में उठाया गया यह कुल 62वां कदम है। इस प्रोजेक्ट के जरिए यमन के आम नागरिकों को साफ पानी और बेहतर स्वच्छता सेवाएं मिलने की उम्मीद बढ़ गई है, जिससे वहां के लोगों का जीवन स्तर सुधरेगा।