सऊदी अरब ने घरेलू कामगारों के लिए बदले वीज़ा नियम, एग्जिट-रीएंट्री वीज़ा पर न लौटने पर अब नहीं लगेगा बैन.

Nura Basta4 September 20262 min read44 viewsSaudi
सऊदी अरब ने घरेलू कामगारों के लिए बदले वीज़ा नियम, एग्जिट-रीएंट्री वीज़ा पर न लौटने पर अब नहीं लगेगा बैन.

सऊदी अरब की सरकार ने उन घरेलू कामगारों और प्रवासियों के लिए बड़ी राहत का ऐलान किया है जो छुट्टी पर अपने देश गए थे और वापस नहीं लौट पाए थे। जनरल डायरेक्टरेट ऑफ़ पासपोर्ट्स, जिसे Jawazat के नाम से जाना जाता है, ने इस मामले में साफ-साफ नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इस नए नियम से उन सभी विदेशी नागरिकों को बहुत फायदा मिलेगा जो किसी वजह से समय पर सऊदी अरब नहीं लौट सके थे और पुराने सख्त नियमों की वजह से परेशान थे।

पुराने सख्त नियमों में दी गई बड़ी राहत

पहले के नियमों के हिसाब से अगर कोई भी प्रवासी कर्मचारी एग्जिट और रीएंट्री वीज़ा की अवधि खत्म होने के बाद सऊदी अरब वापस नहीं लौटता था, तो उसे अगले तीन साल तक देश में प्रवेश करने से रोक दिया जाता था। इस तीन साल के यात्रा प्रतिबंध यानी ट्रैवल बैन की वजह से बहुत से लोगों को अपनी नौकरी और दोबारा सऊदी जाने के रास्ते बंद होने का डर रहता था। लेकिन अब सरकार ने साल 2025 और 2026 के दौरान आधिकारिक घोषणाओं के जरिए इस तीन साल पुराने नियम को पूरी तरह से खत्म कर दिया है। अब कोई भी कर्मचारी सभी जरूरी शर्तों को पूरा करके नए वीज़ा पर दोबारा सऊदी अरब आ सकता है।

GulfHindi की हर खबर सबसे पहलेJoin

रिकॉर्ड से हटाने की प्रक्रिया और Absher प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल

जवाजात के नियमों के मुताबिक, जो लोग वीज़ा की तारीख निकल जाने के बाद भी वापस नहीं आते हैं, उनके नाम सरकारी रिकॉर्ड से अपने आप छह महीने बाद 'एग्जिट एंड नॉट रिटर्न' यानी बिना लौटे बाहर जाने के तौर पर हटा दिए जाते हैं। इसके अलावा, कंपनियों और नियोक्ताओं के पास भी यह अधिकार होता है कि वे वीज़ा की वैधता खत्म होने के 30 दिन बाद Absher इलेक्ट्रॉनिक प्लेटफॉर्म पर जाकर Tawasul सेवा के जरिए इस स्टेटस को बदलवा सकते हैं। अधिकारियों ने यह भी साफ कर दिया है कि जब कोई कर्मचारी देश से बाहर होता है, तो उसके एग्जिट-रीएंट्री वीज़ा को फाइनल एग्जिट वीज़ा में नहीं बदला जा सकता है।

डिजिटल सेवाओं से काम हुआ आसान

तारीख 4 सितंबर 2026 से जवाजात ने Absher प्लेटफॉर्म पर डिजिटल कामों और इलेक्ट्रॉनिक authorizations के नियमों को और ज्यादा स्पष्ट कर दिया है। इन डिजिटल बदलावों का मुख्य मकसद कागजी कार्रवाई को आसान बनाना और दफ्तरों के चक्कर काटने से बचाना है। इन सभी श्रम और निवास से जुड़े नियमों की देखरेख जनरल डायरेक्टरेट ऑफ़ पासपोर्ट्स और मिनिस्ट्री ऑफ़ ह्यूमन रिसोर्स एंड सोशल डेवलपमेंट द्वारा मिलकर की जा रही है, जिससे प्रवासियों और कंपनियों दोनों के लिए काम करना काफी आसान हो गया है।

Share:

Comments

Leave a comment