Saudi Arabia News: सऊदी अरब को मिली बड़ी कामयाबी, घोड़ों की खतरनाक बीमारी से पूरी तरह मुक्त हुआ देश.

सऊदी अरब से एक बहुत अच्छी खबर सामने आ रही है जहाँ देश को घोड़ों और गधों को होने वाली एक खतरनाक और जानलेवा बीमारी से पूरी तरह मुक्त घोषित कर दिया गया है। विश्व पशु स्वास्थ्य संगठन यानी WOAH ने आधिकारिक तौर पर यह मान लिया है कि अब सऊदी अरब इस संक्रामक बीमारी से पूरी तरह सुरक्षित है। इस बड़ी उपलब्धि के बाद अब देश में जानवरों की सेहत और देखभाल के स्तर पर दुनिया भर में भरोसा और ज्यादा बढ़ गया है।
क्या है यह खतरनाक बीमारी और कैसे मिली राहत
यह बीमारी घोड़ों, गधों और इसी प्रजाति के अन्य जानवरों को होने वाली यौन संचारित बीमारी है जिसे डौरिन यानी dourine कहा जाता है। यह बीमारी एक खास परजीवी प्रोटोजोआ की वजह से फैलती है जिसका नाम Trypanosoma equiperdum है। इस बीमारी के खतरे को खत्म करने के लिए देश के पौधों के कीटों और पशु रोगों की रोकथाम के राष्ट्रीय केंद्र यानी Weqaa Center ने एक बहुत विस्तृत तकनीकी फाइल संगठन को सौंपी थी। इस फाइल में देश के अंदर की गई निगरानी, फील्ड सर्वे की सटीकता और सुरक्षा के लिए उठाए गए तमाम कदमों की पूरी जानकारी दी गई थी।
अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए खुलेगा नया रास्ता
इस आधिकारिक प्रमाण पत्र के मिलने से अब सऊदी अरब के लिए अंतरराष्ट्रीय घुड़सवारी चैंपियनशिप की मेजबानी करना बहुत आसान हो जाएगा। इससे देश के घरेलू घुड़दौड़ सेक्टर को भी एक बहुत बड़ा सहारा मिलेगा। यह इस बात का पक्का सबूत है कि सऊदी अरब की पशु चिकित्सा सेवाएं कितनी आधुनिक हो चुकी हैं और वहां काम करने वाले लोग अपने काम में कितने माहिर हैं। देश की सरकार ने सीमाओं के पार से फैलने वाली बीमारियों को रोकने के लिए जो इंतजाम किए हैं, वे पूरी तरह से भरोसेमंद साबित हुए हैं।
पशु स्वास्थ्य के क्षेत्र में लगातार आगे बढ़ रहा है देश
सऊदी अरब ने पिछले कुछ समय में पशुओं की सेहत के मामले में बहुत तेजी से तरक्की की है। विश्व पशु स्वास्थ्य संगठन की तरफ से देश को पहले भी कई बीमारियों से मुक्त होने का दर्जा मिल चुका है। इसी साल की शुरुआत में संगठन ने देश को इक्वाइन वायरल आർട്ടिरिस से मुक्त घोषित किया था। इसके अलावा पिछले साल भी देश को ग्लैंडर्स, इक्वाइन एनीमिया और अफ्रीकन हॉर्स सिकनेस जैसी कई गंभीर बीमारियों से मुक्त होने का प्रमाण पत्र मिल चुका है। सरकार की इन लगातार कोशिशों से देश में पशु पालन और उससे जुड़े लोगों को बहुत फायदा मिल रहा है।