Saudi Egypt Trade: सऊदी अरब और मिस्र के बीच व्यापार ने तोड़े रिकॉर्ड, पांच साल में आंकड़ा 82 अरब डॉलर के पार

सऊदी अरब और मिस्र के बीच व्यापारिक रिश्ते दिन-प्रतिदिन मजबूत होते जा रहे हैं। साल 2021 से 2025 के पांच सालों के दौरान दोनों देशों के बीच कुल व्यापार करीब 82.2 अरब डॉलर तक पहुंच गया है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार इस कारोबार में हर साल औसतन 5.66 प्रतिशत की अच्छी बढ़त देखने को मिली है। आम आदमी और व्यापारियों के लिए यह एक बड़ी खबर है क्योंकि इससे दोनों देशों की अर्थव्यवस्था को काफी फायदा मिल रहा है और रोजगार के नए रास्ते भी खुल रहे हैं।
साल 2025 में व्यापार में आई भारी तेजी
जनरल अथॉरिटी फॉर स्टैटिस्टिक्स यानी GASTAT द्वारा जारी किए गए आंकड़ों के मुताबिक, अकेले साल 2025 में दोनों देशों के बीच लगभग 18.1 अरब डॉलर का व्यापार हुआ। यह आंकड़ा साल 2024 के मुकाबले 11 प्रतिशत ज्यादा है। इन आंकड़ों से साफ पता चलता है कि दोनों देशों के बीच व्यावसायिक सहयोग कितनी तेजी से फैल रहा है। वर्तमान समय में सऊदी अरब, मिस्र का दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार बन चुका है।
किन चीज़ों का होता है सबसे ज्यादा आयात और निर्यात
सऊदी अरब से मिस्र को मुख्य रूप से प्लास्टिक और उससे बनी चीजें तथा ऑर्गेनिक केमिकल्स भेजे जाते हैं। इसके विपरीत, मिस्र से सऊदी अरब में मुख्य रूप से मिनरल फ्यूल्स, ऑइल, वैक्स और तांबा यानी कॉपर भेजा जाता है। इन सामानों के आदान-प्रदान से दोनों देशों के बाजारों में जरूरी चीजों की आपूर्ति लगातार बनी रहती है और आम जनता को इसका सीधा लाभ मिलता है।
व्यापार को बढ़ाने के लिए सरकारी विभाग कर रहे हैं काम
सऊदी कमर्शियल अताशे मिस्र में दोनों देशों के रिश्तों को और बेहतर बनाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। वे सऊदी सामानों को मिस्र के बाजार में आसानी से पहुंचाने और मिस्र के निवेशकों को सऊदी अरब में निवेश करने के लिए प्रेरित करते हैं। इसके अलावा जनरल अथॉरिटी ऑफ फॉरेन ट्रेड यानी GAFT सऊदी अरब के अंतरराष्ट्रीय व्यापार और निवेश संबंधों को विकसित करने का काम करती है। यह संस्था प्राइवेट सेक्टर को तकनीकी सहायता देती है और व्यापार समझौतों का पूरा फायदा उठाने में कारोबारियों की मदद करती है ताकि देश की आर्थिक प्रगति में कोई रुकावट न आए।