सऊदी अरब का बड़ा फैसला, दमाम और जुबेल बंदरगाह पर स्टोरेज फीस की छूट बढ़ाई गई.

Nura Basta27 August 20262 min read46 viewsSaudi
सऊदी अरब का बड़ा फैसला, दमाम और जुबेल बंदरगाह पर स्टोरेज फीस की छूट बढ़ाई गई.

सऊदी अरब से एक बहुत ही काम की खबर सामने आ रही है जहाँ समुद्री व्यापार और पोर्ट के कामकाज को आसान बनाने के लिए बड़ा कदम उठाया गया है। सऊदी पोर्ट्स अथॉरिटी यानी Mawani ने देश के दो बड़े बंदरगाहों पर स्टोरेज फीस यानी सामान रखने की फीस की छूट की तारीख को आगे बढ़ा दिया है। इस फैसले से उन व्यापारियों और कंपनियों को बड़ी राहत मिली है जो लगातार आयात और निर्यात के काम से जुड़े हुए हैं। इस नई घोषणा के बाद अब कारोबारियों को अपना सामान रखने के लिए ज्यादा दिनों तक बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के फायदा मिलता रहेगा।

कहाँ और कब तक मिलेगी यह विशेष छूट

अधिकारीयों की तरफ से दी गई जानकारी के मुताबिक यह नई व्यवस्था मुख्य रूप से King Abdulaziz Port in Dammam और Jubail Commercial Port पर लागू की गई है। इस छूट की शुरुआत अधिकारिक तौर पर 27 August 2026 से हो चुकी है और यह सुविधा आने वाले कुछ महीनों यानी 2 November 2026 तक पूरी तरह से लागू रहेगी। इससे पहले जो छूट दी गई थी वह 26 July 2026 को खत्म हो गई थी जिसके बाद व्यापारियों की सहूलियत को ध्यान में रखते हुए इस अवधि को आगे बढ़ाने का फैसला लिया गया।

GulfHindi की हर खबर सबसे पहलेJoin

किन सामानों पर मिलेगा इस छूट का फायदा

सऊदी अथॉरिटी द्वारा जारी किए गए नए दिशा-निर्देशों के अनुसार यह छूट सभी प्रकार के सामानों पर लागू नहीं होगी बल्कि इसके लिए कुछ खास श्रेणियां तय की गई हैं। इस योजना के तहत ट्रांजिट गुड्स यानी एक जगह से दूसरी जगह जाने वाले सामान, ट्रांसशिपमेंट गुड्स और खाली आने वाले सामानों को इस छूट के दायरे में रखा गया है। अगर बात करें ट्रांजिट और ट्रांसशिपमेंट सामानों की जिसमें स्टैंडर्ड कंटेनर, खतरनाक सामग्री यानी IMDG कंटेनर, फ्लैटबेड और ट्रेलर शामिल हैं तो इन्हें पूरे 90 days यानी नब्बे दिनों की छूट दी जा रही है। वहीं दूसरी तरफ खाली आने वाले कंटेनर, फ्लैटबेड और ट्रेलरों के लिए अथॉरिटी ने 20 days यानी बीस दिनों की छूट तय की है।

सप्लाई चेन और लॉजिस्टिक्स को मिलेगा बढ़ावा

सऊदी पोर्ट्स अथॉरिटी का यह मानना है कि इस तरह के कदमों से देश के अंदर लॉजिस्टिक्स का कामकाज और ज्यादा बेहतर होगा और सप्लाई चेन में किसी तरह की रुकावट नहीं आएगी। इन फीस में राहत देने का मुख्य उद्देश्य सऊदी अरब के बंदरगाहों की क्षमता को और मजबूत करना है ताकि वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा बढ़ सके। इसके अलावा इस पहल से वहां आने वाले सभी व्यापारियों और ग्राहकों को बेहतर सेवाएं मिल सकेंगी। इन तमाम बदलावों के पीछे सरकार का मुख्य मकसद सऊदी अरब को दुनिया भर में एक बड़ा और मुख्य क्षेत्रीय लॉजिस्टिक्स हब के रूप में स्थापित करना है ताकि देश की अर्थव्यवस्था को और ज्यादा मजबूती मिल सके।

Share:

Comments

Leave a comment