नेपाल बाढ़ से बचे तमिलनाडु के 21 तीर्थयात्री पहुंचे काठमांडू, जल्द होगी भारत वापसी.

कैलाश मानसरोवर यात्रा के दौरान नेपाल-तिब्बत सीमा पर आई भयानक बाढ़ में फंसे तमिलनाडु के 21 तीर्थयात्रियों को सुरक्षित काठमांडू पहुंचा दिया गया है। विदेश मंत्रालय ने इस बात की पुष्टि की है कि सभी लोग अब पूरी तरह से सुरक्षित हैं और उनकी भारत वापसी के लिए तेजी से तैयारियां की जा रही हैं। नेपाल में भारत के राजदूत नवीन श्रीवास्तव ने खुद इन सभी बचे हुए लोगों से मुलाकात की और उनका हालचाल जाना ताकि उन्हें किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
कैसे बचाई गई जान और क्या था पूरा मामला
यह पूरी घटना 26 अगस्त 2026 को सुबह के समय रसुवा जिले में हुई थी, जब अचानक नेपाल-तिब्बत सीमा के पास भारी पानी, मिट्टी और बड़े-बड़े पत्थरों का सैलाब आ गया था। इस भयंकर आपदा की वजह से भूते कोशी और त्रिशूल नदी का पानी अचानक बहुत तेज बहने लगा जिससे वहां अफरातफरी मच गई। शुरुआती बचाव कार्य के बाद इन सभी 21 लोगों को तिमुरे में नेपाल बॉर्डर पुलिस की चौकी पर पहुंचाया गया। इसके बाद उन्हें नेपाल आर्मी कैंप में एयरलिफ्ट करके लाया गया और फिर बस के जरिए सुरक्षित काठमांडू पहुंचाया गया जहां वे 27 अगस्त 2026 की रात को पहुंचे।
भारत सरकार और विदेश मंत्रालय के द्वारा उठाए गए कदम
इस बड़ी आपदा में पूरे क्षेत्र में मरने वालों की संख्या 469 तक पहुंच गई है, जबकि 1,545 लोग घायल हुए हैं और 977 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। इस भयानक स्थिति को देखते हुए भारत सरकार ने तुरंत मदद के लिए हाथ बढ़ाया है। विदेश मंत्री एस. जयशंकर लगातार इस पूरी स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भी नेपाल के प्रधानमंत्री बलेंद्र शाह से बात करके उन्हें हर संभव मदद देने का भरोसा दिया है। इसके बारे में अधिक जानकारी ANI News की रिपोर्ट में भी विस्तार से बताई गई है।
मदद के लिए बनाए गए हेल्पलाइन नंबर और कंट्रोल रूम
लोगों की सहायता के लिए विदेश मंत्रालय ने नई दिल्ली में 24 घंटे काम करने वाला एक स्पेशल कंट्रोल रूम शुरू किया है। अगर किसी को भी जानकारी चाहिए या कोई मदद की जरूरत है, तो वह इन नंबरों पर संपर्क कर सकता है: +91 11 2308 8718, +91 11 2308 8719 और +91 11 2301 2113, या फिर व्हाट्सएप के जरिए +91 9968291988 पर मैसेज भेज सकता है। इसके अलावा काठमांडू स्थित भारतीय दूतावास ने भी 24 घंटे चालू रहने वाले हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं जो +977 985 131 6807, +977 970 910 7500 और +977 981 032 6117 हैं। इस बारे में पूरी जानकारी यहाँ भी दी गई है जिससे प्रभावित परिवारों को राहत मिल रही है।