UAE का बड़ा ऐलान, जनवरी में बिजनेस डेलीगेशन मध्य Pradesh में निवेश के मौकों की करेगा तलाश.

यूनाइटेड अरब एमिरेट्स (UAE) से कारोबारियों का एक बड़ा दल अगले साल जनवरी 2027 में मध्य प्रदेश का दौरा करेगा। इस दौरे का मुख्य मकसद राज्य में अलग-अलग सेक्टर में निवेश की संभावनाओं को तलाशना और व्यापार को बढ़ावा देना है। इस बात की जानकारी यूएई के बिजनेस और फिलैंथ्रोपी के स्पेशल एनवॉय बदर जाफर ने दी है। यह दौरा दोनों देशों के बीच आर्थिक रिश्तों को और मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
यह आगामी दौरा पिछले दिनों दुबई में हुई उच्च स्तरीय बैठकों के बाद तय हुआ है। इससे पहले 6 सितंबर से 9 सितंबर 2026 के दौरान मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने दुबई का दौरा किया था। इस दौरान मुख्यमंत्री ने बदर जाफर से मुलाकात की थी और उन्हें राज्य में होने वाली ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (GIS-2027) में शामिल होने के लिए आधिकारिक तौर पर आमंत्रित किया था। इस मुलाकात के बाद से ही दोनों पक्षों के बीच व्यापारिक संबंधों को लेकर लगातार बातचीत चल रही है।
दुबई में हुई बैठकों का असर
बदर जाफर, जो कि क्रेसेंट एंटरप्राइजेज (Crescent Enterprises) के सीईओ भी हैं, उन्होंने बताया कि शुरुआती दौर में उनकी कंपनी की टीमें आने वाले महीनों में मध्य प्रदेश का दौरा करेंगी। इन टीमों में उनके डिप्टी सीईओ तुषार के नेतृत्व वाला एक ग्रुप भी शामिल होगा, जो राज्य में जाकर वहां की जमीनी स्थिति और काम करने लायक प्रोजेक्ट्स की जानकारी जुटाएगा। इसके बाद जनवरी में होने वाली समिट के दौरान जाफर अपने साथ 10 से 12 बड़े निवेशकों का एक समूह लेकर आएंगे, जो खास तौर पर आईटी और इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं को देखेंगे।
कई सेक्टरों पर रहा जोर
दुबई में आयोजित AIM कांग्रेस 2026 के दौरान मुख्यमंत्री मोहन यादव ने मध्य प्रदेश की खूबियों को दुनिया के सामने रखा था। उन्होंने निवेशकों को रिन्यूएबल एनर्जी, टिकाऊ शहरी प्रोजेक्ट्स, लॉजिस्टिक्स, इंडस्ट्रियल इंफ्रास्ट्रक्चर और तेजी से बढ़ रहे स्टार्टअप्स में पैसे लगाने का न्योता दिया था। मुख्यमंत्री ने डीपी वर्ल्ड (DP World) के सीईओ रिजवान सूमार से भी मुलाकात की थी, जिसमें राज्य में लॉजिस्टिक्स के कामकाज को और फैलाने को लेकर चर्चा हुई थी। इसके अलावा उन्होंने शारजाह चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के चेयरमैन अब्दल्ला सुल्तान अल ओवैस से मिलकर 'मध्य प्रदेश-शारजाह बिजनेस Forum' बनाने का प्रस्ताव रखा, जिससे दोनों जगहों के बीच व्यापार और तकनीक का आदान-प्रदान आसानी से हो सके। इस पूरी यात्रा के बारे में विस्तार से पढ़ने के लिए आप ANI News की रिपोर्ट देख सकते हैं।