UAE Flights Update: जकार्ता में ज्वालामुखी फटने से यूएई की उड़ानें प्रभावित, एमिरेट्स और एतिहाद ने रद्द की फ्लाइट्स.

Sushma Kumari7 September 20262 min read24 viewsUAE
UAE Flights Update: जकार्ता में ज्वालामुखी फटने से यूएई की उड़ानें प्रभावित, एमिरेट्स और एतिहाद ने रद्द की फ्लाइट्स.

इंडोनेशिया में कुदरत का बड़ा कहर देखने को मिला है जहां Mount Anak Krakatau में भयानक विस्फोट के बाद निकले राख के गुबार ने हवाई सेवाओं को पूरी तरह ठप कर दिया है। इस बड़ी प्राकृतिक घटना की वजह से यूएई से जकार्ता आने-जाने वाली उड़ानों पर बहुत बुरा असर पड़ा है और कई विमानों को रद्द या देर से संचालित करना पड़ा है।

उड़ानों पर क्या पड़ा असर

इंडोनेशिया के विमानन अधिकारियों ने सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए देश के कुल eight airports को बंद कर दिया है, जिसमें मुख्य रूप से Soekarno–Hatta International Airport (CGK) भी शामिल है। इस एयरपोर्ट को बंद करने की समय सीमा बढ़ाकर सोमवार, 7 September 2026 को सुबह 8:59 AM स्थानीय समय तक कर दी गई है। ज्वालामुखी से निकला राख का गुबार आसमान में लगभग 15,000 meters की ऊंचाई तक पहुंच गया था, जिससे आसमान में देखना और विमान चलाना असंभव हो गया था।

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यूएई की प्रमुख एयरलाइंस Emirates और Etihad Airways ने अपने यात्रियों के लिए बड़ा अपडेट जारी किया है। एमिरेट्स ने दुबई से जकार्ता जाने वाली फ्लाइट EK356 को 6 और 7 September के लिए रद्द कर दिया है। इसके अलावा जकार्ता से दुबई आने वाली फ्लाइट EK359 को 5, 6 और 7 September के लिए रद्द किया गया है। साथ ही फ्लाइट EK357 और EK358 को भी जो 6 और 7 September को जानी थीं, उन्हें भी रोक दिया गया है। एतिहाद एयरवेज की बात करें तो अबू धाबी से जकार्ता जाने वाली फ्लाइट EY472 छह सितंबर को लेट हुई और जकार्ता से अबू धाबी आने वाली फ्लाइट EY473 सात सितंबर को प्रभावित रही। इसके अलावा फ्लाइट EY474 और EY475 भी पांच और छह सितंबर को देरी और रद्दीकरण का शिकार हुईं।

अधिकारियों के बयान और राहत कार्य

नागरिक उड्डयन के महानिदेशक Lukman F. Laisa ने साफ कहा है कि यात्रियों की सुरक्षा सरकार के लिए सबसे पहली प्राथमिकता है। वहीं दूसरी तरफ इंडोनेशिया की आपदा प्रबंधन एजेंसी BNPB के प्रमुख Lt Gen Suharyanto ने बताया कि आसमान को साफ करने में भारी बारिश मदद कर सकती है। इस आपदा की वजह से पूरे क्षेत्र में कुल 1,500 flights प्रभावित हुई हैं और लगभग 170,000 passengers को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा है।

प्रशासन की तरफ से सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं और हर 30 minutes पर राख के स्तर की जांच के लिए विशेष पेपर टेस्ट किए जा रहे हैं। राहत की बात यह है कि अभी तक किसी भी प्रकार के जानमाल के नुकसान या बड़े पैमाने पर लोगों को हटाने की नौबत नहीं आई है। हालांकि स्थानीय प्रशासन ने लोगों को क्रेटर से कम से कम 3 kilometers की दूरी बनाए रखने की सख्त सलाह दी है और जकार्ता के स्कूलों को सोमवार, 7 September के लिए ऑनलाइन मोड पर शिफ्ट कर दिया गया है ताकि बच्चे सुरक्षित रह सकें।

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