नेपाल में भारी तबाही पर UAE का बड़ा संदेश, राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री ने जताया गहरा शोक.

नेपाल में हाल ही में आई भयंकर बाढ़ और पहाड़ों से गिरे मलबे ने भारी तबाही मचाई है, जिससे आम जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। इस मुश्किल समय में यूएई यानी संयुक्त राष्ट्र अमीरात के शीर्ष नेतृत्व ने नेपाल के प्रति अपनी गहरी संवेदना और एकजुटता प्रकट की है। 27 अगस्त 2026 को यूएई के राष्ट्रपति हिज हाइनेस शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान ने नेपाल के राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल को आधिकारिक शोक संदेश भेजा और इस आपदा में हुई जानमाल की भारी क्षति पर दुख व्यक्त किया।
त्रासदी में 157 से ज्यादा लोगों की मौत और राहत कार्य जारी
हिमालयी नदियों में मिट्टी और चट्टानों के अचानक ढह जाने से आई इस प्राकृतिक आपदा में अब तक कम से कम 157 लोगों की मौत की आधिकारिक पुष्टि हो चुकी है। रिपोर्ट्स के मुताबिक मरने वालों का यह आंकड़ा बढ़कर 330 तक पहुंच सकता है, जबकि 1,300 से अधिक लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। तिब्बत की सीमा के पास स्थित रसुवा और चितवन जिलों में सबसे ज्यादा विनाश देखने को मिला है, जहां मकान और बुनियादी ढांचा पूरी तरह तबाह हो गए हैं।
यूएई के उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और दुबई के शासक हिज हाइनेस शेख मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम और उपराष्ट्रपति, उप प्रधानमंत्री तथा राष्ट्रपति न्यायालय के अध्यक्ष हिज हाइनेस शेख मौर बिन जायद अल नाहयान ने भी नेपाल के राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल को अपने संवेदना संदेश भेजे। इसके अलावा, शेख मोहम्मद बिन राशिद और शेख मंसूर बिन जायद ने नेपाल के प्रधानमंत्री बलेंद्र शाह को भी औपचारिक रूप से शोक संदेश प्रेषित किया, जिसकी पूरी जानकारी WAM के माध्यम से सामने आई है।
यूएई विदेश मंत्रालय का बयान और प्रवासियों की प्रतिक्रिया
यूएई के विदेश मंत्रालय यानी MoFA ने एक औपचारिक बयान जारी कर नेपाल के लोगों के साथ पूर्ण एकजुटता दिखाई है। मंत्रालय ने इस दुखद घड़ी में पीड़ितों के परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की और घायलों के जल्द से जल्द स्वस्थ होने की कामना की है, जिसकी पुष्टि UAE MoFA की आधिकारिक रिपोर्ट में की गई है।
यूएई में लगभग 700,000 नेपाली प्रवासी रहते हैं, जिनका प्रतिनिधित्व करने वाली संस्था नेपाली सोसाइटी यूएई ने भी इस त्रासदी पर गहरा दुख जताया है। संस्था के महासचिव जीवन पेंगेनी ने इस आपदा में अपनी जान गंवाने वाले लोगों को श्रद्धांजलि अर्पित की और संबंधित अधिकारियों से प्रभावित क्षेत्रों में तेजी से खोज और बचाव अभियान जारी रखने की अपील की है ताकि लापता लोगों का जल्द से जल्द पता लगाया जा सके।