UAE ने BRICS में बढ़ाई अपनी ताकत, मजबूत लॉजिस्टिक्स और निवेश से दुनिया भर में बनाई खास पहचान.

संयुक्त अरब अमीरात यानी UAE ने ब्रिक्स गठबंधन के भीतर अपनी स्थिति को और मजबूत कर लिया है। देश अपनी बेहतरीन आर्थिक स्थिरता और लॉजिस्टिक्स नेटवर्क का इस्तेमाल करके सदस्य देशों के बीच आपसी सहयोग को लगातार बढ़ावा दे रहा है। यूएन ट्रेड एंड डेवलपमेंट यानी UNCTAD के आंकड़ों के मुताबिक, देश ने लगातार चौथे साल शानदार आर्थिक प्रदर्शन किया है और वैश्विक स्तर पर अपनी मजबूत पकड़ बनाई है।
साल 2025 में विदेशी निवेश के टूटे सारे रिकॉर्ड
साल 2025 में देश में कुल 177.3 अरब अमेरिकी डॉलर का विदेशी प्रत्यक्ष निवेश यानी एफडीआई आया। इस शानदार प्रदर्शन के साथ देश दुनिया भर में नौवें स्थान पर पहुंच गया है, जबकि कुल एफडीआई स्टॉक बढ़कर लगभग 1.171 ट्रिलियन तक पहुंच गया है। इसके अलावा, देश ने दुनिया भर में 1,562 ग्रीनफील्ड निवेश प्रोजेक्ट्स को आकर्षित करके वैश्विक स्तर पर दूसरा स्थान हासिल किया है।
कारोबारियों और विशेषज्ञों की राय
डीएमसीसी के कार्यकारी अध्यक्ष और मुख्य कार्यकारी अधिकारी और दुबई डायमंड एक्सचेंज के प्रमुख Ahmed Bin Sulayem ने बताया कि देश की सक्रिय सदस्यता इस समूह की वैश्विक स्थिति को और मजबूत करती है और आपसी निवेश सहयोग को बढ़ावा देती है। वहीं, डीएमसीसी की उप सीईओ और मुख्य परिचालन अधिकारी Feryal Ahmadi ने देश को एक मुख्य निवेश केंद्र बताया और तकनीकी क्षेत्रों में महिलाओं को आगे बढ़ाने पर जोर दिया।
हॉटपैक ग्लोबल के सह-संस्थापक और मुख्य परिचालन अधिकारी Zainudeen P.B. ने कहा कि ब्रिक्स शिखर सम्मेलन आर्थिक समझौतों को जमीन पर उतारने का एक बड़ा मंच है। उन्होंने भारतीय कंपनियों को सलाह दी कि वे देश की मजबूत लॉजिस्टिक्स व्यवस्था का पूरा फायदा उठाएं। इसके अलावा, एनवाईयू अबूधाबी की एसोसिएट वाइस प्रोवोस्ट Prof. Dr. Hoda Alkhzaimi ने बताया कि 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में देश की भागीदारी वैश्विक अर्थव्यवस्था में अंतरराष्ट्रीय सहयोग को मजबूत करने के प्रति पक्की प्रतिबद्धता को दिखाती है।