UAE में कमर्शियल फ्रॉड पर सख्त नया कानून लागू, अब सामान बेचने के साथ खरीदने वाले भी जाएंगे जेल.

संयुक्त अरब अमीरात यानी UAE में कमर्शियल फ्रॉड और नकली सामानों की खरीद-फ्रिक को रोकने के लिए सरकार ने बहुत कड़े नियम लागू कर दिए हैं। कैबिनेट निर्णय संख्या 107/2026 के तहत एंटी-कमर्शियल फ्रॉड लॉ के नए कार्यकारी नियम अब पूरे देश और सभी फ्री जोन में पूरी तरह से प्रभावी हो चुके हैं। यह नया कानून पुराने साल 2020 के नियमों की जगह ले रहा है और इसका मुख्य मकसद आम उपभोक्ताओं के साथ-साथ ट्रेडमार्क मालिकों की सुरक्षा करना है। इस नए नियम के दायरे में इम्पोर्टर, निर्माता, डिस्ट्रीब्यूटर, व्यापारी और ट्रांसपोर्टर समेत पूरा सप्लाई चेन शामिल किया गया है, जिससे बाजार में किसी भी तरह की धोखाधड़ी पर लगाम लगाई जा सके।
समान वापस लेने के लिए मिला सिर्फ 24 घंटे का समय
नए नियमों के अनुसार यदि बाजार में कोई मिलावटी, खराब या नकली सामान पाया जाता है, तो आपूर्तिकर्ताओं यानी सप्लायर्स को सूचना मिलने के सिर्फ 24 घंटे के भीतर ऐसे सामानों को बाजारों और गोदामों से वापस लेना होगा। इसके साथ ही उन्हें सभी बिक्री केंद्रों को भी इसकी तुरंत जानकारी देनी होगी ताकि तुरंत रोक लगाई जा सके। इतना ही नहीं, वापस लिए गए सामानों को लेकर अरबी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में 48 घंटे के भीतर सार्वजनिक घोषणा करना भी अनिवार्य कर दिया गया है। अगर कोई सप्लायर इन नियमों का पालन करने में विफल रहता है, तो प्रशासन खुद दखل देगा और सप्लायर के अपने खर्च पर सामानों को बाजार से हटाया जाएगा। इसके अलावा जब्त किए गए सामानों की सुरक्षा, उन्हें नष्ट करने या देश से बाहर भेजने के लिए भी स्पष्ट दिशा-निर्देश तय किए गए हैं।
सोशल मीडिया पर नकली सामान बेचना पड़ेगा भारी
आर्थिक मामलों के जानकारों और अधिकारियों का कहना है कि यह नया फ्रेमवर्क व्यापारियों को सही रास्ता दिखाने का काम करेगा। मिनिस्ट्री ऑफ इकॉनमी एंड टूरिज्म की कमर्शियल कंट्रोल एंड गवर्नेंस सेक्टर की असिस्टेंट अंडर-सेक्रेटरी सफेया अल साफि ने बताया कि यह ढांचा व्यापारियों के लिए बहुत जरूरी मार्गदर्शन प्रदान करता है। वहीं, एंटी-आर्थिक अपराध विभाग के निदेशक मेजर उमर हसन नासिर ने साफ चेतावनी दी है कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर नकली या मिलावटी सामानों का प्रचार करना या उन्हें बेचना कानूनन अपराध है। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि कानून की जानकारी न होना किसी भी व्यक्ति को सजा या जिम्मेदारी से नहीं बचा सकता है। इस बारे में अधिक जानकारी के लिए आप दुबई पुलिस की आधिकारिक वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।
खरीदने वाले ग्राहक भी होंगे कानूनी रूप से जिम्मेदार
इस कानून की सबसे बड़ी और खास बात यह है कि इसकी कानूनी जिम्मेदारी सिर्फ बेचने वालों तक सीमित नहीं है, बल्कि उन खरीदार ग्राहकों पर भी लागू होती है जो यह जानते हुए भी नकली या मिलावटी सामान खरीदते हैं कि वे असली नहीं हैं। नियमों का उल्लंघन करने वालों के लिए अलग-अलग स्तर की सजा तय की गई है जिसमें चेतावनी देने से लेकर लाइसेंस रद्द करने तक की कार्रवाई शामिल है। इसके अलावा गंभीर मामलों में आपराधिक परिणाम भी भुगतने पड़ सकते हैं। विशेष तौर पर दवाइयों, कृषि उत्पादों और जैविक खाद्य पदार्थों जैसे स्वास्थ्य के लिए हानिकारक सामानों के मामले में दो साल तक की कैद और 5,000 दिरहम से लेकर 10,00,000 दिरहम तक का भारी जुर्माना लगाया जा सकता है। सरकार की सख्ती का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि साल 2026 की पहली तिमाही के दौरान अधिकारियों ने कुल 10,023 निरीक्षण दौरे किए और पूरे देश में कमर्शियल फ्रॉड के 189 उल्लंघन पकड़े। इस नए कानून के लागू होने से खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीय प्रवासियों और आम नागरिकों को भी सतर्क रहने की जरूरत है ताकि वे किसी भी अनजाने में होने वाली गलती से बच सकें। कानून से जुड़ी मूल और आर्काइव्ड जानकारी आप UAE लेजिस्लेशन पोर्टल पर देख सकते हैं।