अमेरिका और ईरान के बीच छह महीने का युद्ध, ट्रंप के बयानों से सामने आई पूरी कहानी.

अमेरिका और ईरान के बीच पिछले छह महीनों से चल रहे संघर्ष को लेकर एक बड़ा विवरण सामने आया है। Al Jazeera English ने 27 अगस्त 2026 को एक विस्तृत विजुलाइजेशन जारी किया है, जिसमें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए इस युद्ध की पूरी कहानी को दिखाया गया है। इस संघर्ष की शुरुआत 28 फरवरी 2026 को हुई थी, जब राष्ट्रपति ट्रंप ने एक वीडियो जारी करके 'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' की घोषणा की थी। इस वीडियो में बड़े पैमाने पर सैन्य अभियानों और ईरान के सर्वोच्च नेता अयोतल्ला अली खामनेई की मौत होने की बात कही गई थी।
मार्च 2026 में संघर्ष और सैन्य हमलों में तेजी
यह सैन्य अभियान मार्च 2026 में काफी बढ़ गया था। राष्ट्रपति ट्रंप ने 14 मार्च को दावा किया था कि अमेरिका ने ईरान की 100% सैन्य क्षमता को पूरी तरह खत्म कर दिया है। इसके बाद के हफ्तों में खर्ग द्वीप, कई पुलों और बिजली संयंत्रों पर हमले किए जाने की घोषणा की गई। साथ ही होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर भी कड़ी चेतावनियां दी गईं। कुछ समय तक हमलों में उतार-चढ़ाव रहने के बाद, ट्रंप ने 10 जुलाई 2026 को युद्धविराम के खत्म होने का ऐलान कर दिया और 13 जुलाई को नाकेबंदी शुरू कर दी। इसके बाद 22 जुलाई को राष्ट्रपति ने एक नया नियम बनाया कि ईरान की तरफ से जहाज पर किए जाने वाले हर एक हमले के बदले में अमेरिका वहां का एक पुल या बिजली संयंत्र तबाह कर देगा।
राजनयिक प्रयास और आर्थिक प्रतिबंध
जून 2026 में होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर साठ दिन का एक समझौता ज्ञापन तैयार किया गया था, जिसमें प्रतिबंध और परमाणु बातचीत शामिल थी, लेकिन वह अगस्त की शुरुआत में खत्म हो गया। क्षेत्रीय साझेदारों के कहने पर ट्रंप ने 2 अगस्त 2026 को एक तय हमले को रोक दिया था, लेकिन 10 अगस्त को उन्होंने घोषणा की कि अमेरिका इस युद्ध को जीत चुका है। इसके बाद 19 अगस्त को उन्होंने भारी आर्थिक दबाव बनाने का अभियान शुरू किया और 24 अगस्त 2026 को ईरान तथा दुनिया भर के 60 संगठनों पर नए प्रतिबंध लगा दिए। अधिकारियों ने इस कदम को 'आर्थिक डी-डे' या 'ऑपरेशन इकोनॉमिक आउटकास्ट' नाम दिया।
वर्तमान स्थिति और भविष्य के कदम
26 अगस्त 2026 को Al Jazeera से बात करते हुए राष्ट्रपति ट्रंप ने बताया कि अमेरिका एक बहुत बड़ी जीत हासिल कर रहा है और शांतिवार्ता फिर से शुरू करने के लिए कोई समयसीमा तय नहीं है। इसके अलावा उन्होंने Axios को यह भी बताया किTargets खत्म होने की वजह से वह जल्द ही अमेरिकी सैन्य अभियानों को समाप्त करने की उम्मीद कर रहे हैं। वर्तमान स्थिति अभी भी तनावपूर्ण बनी हुई है। ईरान की 'Defa Press' की रिपोर्ट के मुताबिक 27 अगस्त को तेहरान और ओमान के बीच एक अस्थायी समुद्री गलियारे को लेकर समझ बन गई है। वहीं कतर के प्रधानमंत्री शेख मोहम्मद बिन अब्दुलरहमान बिन जासिम अल-थानी इस समय तेहरान में मौजूद हैं और बातचीत को दोबारा शुरू कराने की कोशिश कर रहे हैं। हालांकि, नेगार मोर्तजाजी और त्रिताब पारसी जैसे विश्लेषकों ने ईरान को झुकने के लिए मजबूर करने वाली इन सैन्य और आर्थिक रणनीतियों की सफलता पर संदेह जताया है।