US Navy Destroyers: अमेरिका ने ईरान का दावा किया खारिज, कहा हमारे युद्धपोत पर कोई हमला नहीं हुआ.

खाड़ी देशों में बढ़ते तनाव के बीच अमेरिकी सेना ने ईरान के उन दावों को सिरे से खारिज कर दिया है जिनमें अमेरिकी जहाजों को निशाना बनाने की बात कही गई थी। 9 सितंबर 2026 को अमेरिकी सेंट्रल कमांड यानी CENTCOM ने आधिकारिक बयान जारी कर ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स यानी IRGC के दावों को पूरी तरह से झूठा बताया। अमेरिकी सेना ने स्पष्ट किया कि उनके किसी भी युद्धपोत को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है और अमेरिकी जहाजों पर किए गए सभी हमलों को नाकाम कर दिया गया है। इस हालिया घटनाक्रम से खाड़ी क्षेत्र में रहने वाले प्रवासियों और भारत आने-जाने वाले लोगों के मन में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है क्योंकि इस क्षेत्र में लगातार सैन्य गतिविधियां तेज हो रही हैं।
ईरान के दावे और जॉर्डन में मिसाइल हमला
दूसरी तरफ ईरान के IRGC का दावा था कि उसने फारस की खाड़ी में अमेरिकी नौसेना के दो जहाजों और आठ तेल टैंकरों को सफलतापूर्वक निशाना बनाया है। उनका कहना था कि यह कार्रवाई हाल ही में अमेरिकी हमलों के जवाब में की गई थी जिनमें ईरानी तेल वाहक जहाजों को नुकसान पहुंचाया गया था। इसके अलावा IRGC ने जॉर्डन में स्थित अल-अज़राक एयर बेस पर भी हमला करने का दावा किया। जॉर्डन की सेना ने इस बात की पुष्टि की कि उनके एयर डिफेंस सिस्टम ने ईरान द्वारा दागी गईं 20 में से 18 बैलिस्टिक मिसाइलों को हवा में ही रोक लिया। हालांकि दो मिसाइलें खाली इलाकों में गिरीं लेकिन गनीमत यह रही कि इस दौरान किसी के हताहत होने की कोई खबर सामने नहीं आई।
पानी के नीचे ड्रोन और तेल टैंकरों पर कार्रवाई
तनाव के इस दौर में IRGC ने यह भी दावा किया कि उसने होर्मुज जलडमरूमध्य के पास अमेरिका की एक आधुनिक और स्मार्ट पनडुब्बी यानी Dive-LD को पकड़ लिया है। इस पर सफाई देते हुए पेंटागन के एक प्रवक्ता ने बताया कि वह कोई खुफिया पनडुब्बी नहीं बल्कि पानी के अंदर चलने वाला एक पुराना और खराब हो चुका ड्रोन था जिसमें कोई भी संवेदनशील डेटा या क्लासिफाइड उपकरण मौजूद नहीं था। अमेरिकी सेना ने इससे पहले 8 सितंबर 2026 को ओमान की खाड़ी और खार्ग द्वीप के पास कार्रवाई करते हुए पांच ईरानी कच्चे तेल के टैंकरों को नष्ट कर दिया था। नष्ट किए गए इन जहाजों में M/T Kaviz, M/T Charminar, M/T Horizon 1, M/T Riesco और M/T Derya शामिल हैं। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने चेतावनी दी है कि अमेरिकी नौसेना के जहाजों को नुकसान पहुंचाने की हर एक कोशिश पर ईरान को अपने तेल टैंकरों से हाथ धोना पड़ेगा। इससे पहले 5 सितंबर को भी अमेरिकी सेना ने तीन अन्य ईरानी टैंकरों को नष्ट किया था जब अमेरिकी विमानवाहक पोत पर हमले की कोशिश की गई थी। इन लगातार हो रही घटनाओं के बाद से IRGC ने कुवैत और बहरीन के बंदरगाहों पर खड़े तेल टैंकरों के क्रू मेंबर को तुरंत वहां से निकलने की चेतावनी दी है जिससे खाड़ी देशों में सुरक्षा का माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है।