West Bank Schools Raid: नए academic year के पहले ही दिन इस्राइली सेना ने West Bank के स्कूलों पर बोला धावा.

Occupied West Bank में नए 2026/2027 academic year की शुरुआत के साथ ही हालात काफी तनावपूर्ण हो गए हैं। पिछले 6 सितंबर 2026 को जब छात्र अपने नए सत्र की शुरुआत के लिए स्कूलों में पहुंचे, तब इस्राइली सैनिकों ने उत्तरी Nablus province के दो स्कूलों पर अचानक छापेमारी कर दी। इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों और छात्रों के बीच काफी डर और चिंता का माहौल बना हुआ है, और हर कोई इस बढ़ती हुई सख्ती से परेशान दिख रहा है।
स्कूलों पर छापेमारी और प्रशासन को धमकी
प्रभावित होने वाले संस्थानों में Huwwara Boys Secondary School और Burqa Boys Secondary School शामिल हैं, जहां सुबह के समय इस्राइली फौज पहुंची। Huwwara Boys Secondary School में इस्राइली बलों ने स्कूल प्रशासन को गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी और तुरंत Palestinian flag को हटाने का सख्त आदेश दिया। हालांकि गनीमत यह रही कि इन खास स्कूली छापों के दौरान किसी भी छात्र की गिरफ्तारी या चोट लगने की कोई आधिकारिक खबर सामने नहीं आई है, लेकिन स्कूलों के अंदर इस तरह की कार्रवाई से बच्चों की पढ़ाई पर बुरा असर पड़ रहा है।
Aqqaba में सैन्य कार्रवाई और Tubas का फैसला
ठीक उसी समय इस्राइली occupation forces ने Tubas province के Aqqaba शहर में भी अपना सैन्य अभियान चलाया, जहां से कम से कम नौ फलस्तीनियों को हिरासत में ले लिया गया। इस तनावपूर्ण माहौल को देखते हुए Tubas Directorate of Education ने सुरक्षा कारणों के चलते Aqqaba के सभी स्कूलों में कक्षाओं की शुरुआत का समय बदलकर सुबह 9 बजे कर दिया, ताकि बच्चों की सुरक्षा से कोई समझौता न हो सके। पूरे West Bank में इस दौरान लगभग 846,000 फलस्तीनी छात्र सरकारी, प्राइवेट और UNRWA द्वारा संचालित 2,537 स्कूलों में नए सत्र की शुरुआत के लिए वापस लौटे थे।
अन्य इलाकों में गोलीबारी और अंतरराष्ट्रीय चिंता
इसी दिन यानी 6 सितंबर को Jenin और Qalqilya में चलाए गए अन्य सैन्य अभियानों के दौरान इस्राइली सेना की गोलीबारी में एक बच्चे सहित दो फलस्तीनी गंभीर रूप से घायल हो गए। ये सारी घटनाएं क्षेत्र में पहले से ही सुलग रहे तनाव को और ज्यादा बढ़ा रही हैं। इसके अलावा 1 सितंबर 2026 को Palestinian Cabinet ने occupied Jerusalem में स्कूलों को निशाना बनाने वाली इस्राइली नीतियों के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय दखल की मांग की थी, जिसमें यह बात सामने आई थी कि स्टाफ पर लगाई जा रही पाबंदियों से 50,000 से अधिक विद्यार्थियों की शिक्षा खतरे में पड़ गई है। वहीं 5 सितंबर 2026 को Israel में U.S. Ambassador Mike Huckabee ने West Bank में हो रही इस्राइली settler violence की कड़ी निंदा करते हुए इसे सीधे तौर पर आतंक की संज्ञा दी है।