यमन के इब्ब में हूती मिसाइल ठिकानों पर लड़ाकू विमानों के दो हवाई हमले
इब्ब गवर्नरेट में जबल नामा पर 11 अक्टूबर को दो हवाई हमले हुए। गठबंधन ने एक दिन पहले 136 सैन्य ठिकाने नष्ट करने का दावा किया है।

यमन (इब्ब गवर्नरेट): यमन के इब्ब गवर्नरेट में लड़ाकू विमानों ने हूती विद्रोहियों के मिसाइल प्रक्षेपण ठिकानों को निशाना बनाकर दो हवाई हमले किए। ये हमले 11 अक्टूबर 2026 को हुए। इब्ब से दक्षिण में स्थित धी अल-सुफाल जिले के जबल नामा इलाके को इन हमलों का केंद्र बताया गया है।
सूत्रों के अनुसार, जिन जगहों पर हमला हुआ, उनकी पहचान ऐसे ठिकानों के रूप में की गई थी जिनका इस्तेमाल हूती मिसाइल दागने के लिए कर रहे थे। यह कार्रवाई उस बड़े अभियान का हिस्सा है, जिसे सऊदी अरब की अगुवाई वाला गठबंधन हूती नियंत्रित इलाकों के खिलाफ लगातार चला रहा है।
इससे एक दिन पहले, 10 अक्टूबर 2026 को गठबंधन ने 136 सैन्य ठिकानों को तबाह करने की जानकारी दी थी। इन अभियानों को यमन की अंतरराष्ट्रीय मान्यता प्राप्त सरकार की उस व्यापक मुहिम से जोड़कर देखा जा रहा है, जिसके तहत वह ईरान समर्थित हूती समूह से अपने इलाके वापस लेना चाहती है। इस दौरान गठबंधन लगातार हवाई मदद दे रहा है।
दूसरे मोर्चों पर भी हलचल
उसी दौरान यमन के दूसरे हिस्सों में भी सैन्य गतिविधियां दर्ज की गईं। कामरान द्वीप पर गठबंधन के हमलों की खबर है। वहीं, सरकारी बलों ने बाब अल-मंदब जलडमरूमध्य के पास, धुबाब हवाई अड्डे के उत्तर में, हूती हमलों को नाकाम करने का दावा किया है। सरकार के मुताबिक इस झड़प में विद्रोहियों को भारी नुकसान उठाना पड़ा।
दूसरी ओर, हूती समूह ने जवाबी कार्रवाई की चेतावनी दोहराई है। उसका कहना है कि वह ड्रोन और बैलिस्टिक मिसाइलों से सऊदी अरब की सुविधाओं पर हमला करने की क्षमता रखता है। फिलहाल इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि सामने नहीं आई है, इसलिए आने वाले दिनों में इस संघर्ष की दिशा पर नजर बनी रहेगी।