Yemen में यमनी सेना को बड़ी कामयाबी, तािज़ में खज्जान पहाड़ी पर फिर से हुआ कब्ज़ा.

यमन से एक बड़ी खबर सामने आ रही है जहाँ देश के अलग-अलग हिस्सों में तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। इसी बीच 4 सितंबर 2026 को यमनी सेना ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए तािज़ के पश्चिम में स्थित जबल हबाशी जिले की रणनीतिक रूप से अहम खज्जान पहाड़ी पर फिर से अपना नियंत्रण हासिल कर लिया। इस कामयाबी से पहले इस इलाके में दोनों पक्षों के बीच काफी भीषण और हिंसक झड़पें हुईं, जिसके बाद सेना ने यह महत्वपूर्ण सफलता अपने नाम की।
मोखा जंक्शन पर मिसाइल हमला और नागरिकों की जान
दूसरी तरफ यमन के सुरक्षा हालात अभी भी काफी ज्यादा तनावपूर्ण बने हुए हैं। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक उसी दिन यानी 4 सितंबर को हूथी विद्रोहियों ने मोखा जंक्शन के पास एक रेस्टोरेंट को निशाना बनाकर बैलिस्टिक मिसाइल से हमला किया, जिसमें कई आम नागरिकों के हताहत होने की पुष्टि हुई। इस इलाके में हिंसा की यह कोई पहली घटना नहीं है बल्कि इससे ठीक एक दिन पहले यानी 3 सितंबर 2026 को स्थानीय सूत्रों ने जानकारी दी थी कि अल-मोखा में सऊदी समर्थित बलों के सैन्य ठिकानों पर भी मिसाइल से गोले दागे गए थे, जिसके बाद वहां तेज धमाकों की आवाजें सुनी गईं।
अगस्त महीने में हुए हमलों का काला इतिहास
ये सभी ताजा घटनाएं उस बड़ी हिंसा का हिस्सा हैं जो पूरे अगस्त 2026 के दौरान यमन में लगातार देखने को मिली। यमन की आधिकारिक सरकार की तरफ से दी गई जानकारी के अनुसार 15 अगस्त 2026 को हूथी लड़ाकों ने मोखा शहर पर एक साथ छह बैलिस्टिक मिसाइलें दाग दी थीं। इस दर्दनाक हमले में चार आम नागरिकों की मौत हो गई थी और कई मछुआरों की नावें पूरी तरह से तबाह हो गई थीं। इस हमले के अगले ही दिन यानी 16 अगस्त 2026 को हूथी विद्रोहियों ने मोखा बंदरगाह पर एक और बहुत बड़ा हमला कर दिया जिसमें 25 से ज्यादा मिसाइलें दागी गईं। इस बड़े हमले में कुल सात लोगों की जान चली गई थी, जिनमें चार सुरक्षाकर्मी और तीन बंदरगाह के कर्मचारी शामिल थे। इस हमले की वजह से बंदरगाह के जरूरी बुनियादी ढांचे और आर्थिक परिसंपत्तियों को बहुत भारी नुकसान पहुंचा था।